देश की खबरें | भारतीय तटरक्षक बल ने अरब सागर में पाकिस्तानी नाव पकड़ी, 480 करोड़ रुपये के मादक पदार्थ जब्त
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. गुजरात में पोरबंदर के निकट अरब सागर में भारतीय तट रक्षक (आईसीजी) की अगुवाई में एक बहु-एजेंसी दल ने एक पाकिस्तानी नाव को पकड़ा, जिसमें से 480 करोड़ रुपये के मादक पदार्थों को जब्त किया गया। रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
नयी दिल्ली/अहमदाबाद, 12 मार्च गुजरात में पोरबंदर के निकट अरब सागर में भारतीय तट रक्षक (आईसीजी) की अगुवाई में एक बहु-एजेंसी दल ने एक पाकिस्तानी नाव को पकड़ा, जिसमें से 480 करोड़ रुपये के मादक पदार्थों को जब्त किया गया। रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
मंत्रालय के मुताबिक, इस अभियान में नाव पर मौजूद पाकिस्तानी चालक दल के छह सदस्यों को भी हिरासत में लिया गया।
मंत्रालय ने बताया कि स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) और गुजरात आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) ने 11 और 12 मार्च की दरमियानी रात को अभियान में तटरक्षक बल के साथ समन्वय किया।
मंत्रालय ने एक बयान में बताया कि आईसीजी ने खुफिया जानकारी के आधार पर चालक दल के छह सदस्यों और मादक पदार्थों से भरी एक पाकिस्तानी नाव को पकड़ा।
बयान में कहा गया है, ‘‘भारतीय तटरक्षक जहाजों और डोर्नियर विमानों के जरिये समुद्री-हवाई समन्वित अभियान में अरब सागर में पोरबंदर से लगभग 350 किलोमीटर दूर नाव को पकड़ लिया गया।''
मंत्रालय ने बताया कि आईसीजी, एनसीबी और गुजरात एटीएस के बीच अच्छे समन्वित प्रयासों से अभियान सफल रहा।
मंत्रालय के मुताबिक, एजेंसियों से विशिष्ट खुफिया जानकारी मिलने पर भारतीय तट रक्षक ने 11 मार्च को ही अपने जहाजों को अरब सागर में तैनात कर दिया था। आईसीजी ने अपने डोर्नियर विमान को संभावित क्षेत्रों में नाव की पहचान करने और उसका पता लगाने का काम भी सौंपा।
मंत्रालय के मुताबिक, ''इलाके में गहन तलाशी के बाद एनसीबी और गुजरात एटीएस की टीम के साथ आईसीजी के जहाज मौके पर पहुंचे और अंधेरे में संदिग्ध रूप से जा रही नाव की पहचान की।''
मंत्रालय ने बताया कि आईसीजी जहाजों द्वारा चेतावनी दिए जाने पर नाव ने यहां से वहां भागना शुरू कर दिया, जिसके बाद आईसीजी जहाजों ने उसका पीछा किया और उसे रुकने के लिए मजबूर किया।
मंत्रालय ने बयान में बताया, ''यह एक पाकिस्तानी नाव थी, जिसपर चालक दल के छह सदस्य मौजूद थे। नाव की जांच करने पर लगभग 480 करोड़ रुपये मूल्य के करीब 80 किलोग्राम मादक पदार्थों का पता चला।''
मंत्रालय के मुताबिक, नाव को चालक दल सहित पकड़ लिया गया है और आगे की जांच के लिए पोरबंदर लाया जा रहा है। एटीएस के पुलिस अधीक्षक सुनील जोशी ने कहा कि मादक पदार्थ के लगभग 60 पैकेट जब्त किए गए।
उन्होंने बताया कि मेथामफेटामाइन के लगभग 60 पैकेट जब्त किए गए और गुजरात एटीएस की प्रारंभिक जांच से पता चला कि मादक पदार्थों को पाकिस्तान के ग्वादर बंदरगाह पर एक मछली पकड़ने वाली नाव में लादा गया था। इस नाव का काम खेप को गुजरात तट के निकट समुद्र के बीच में एक भारतीय नाव तक पहुंचाने का था।
जोशी ने बताया, ''हमें गुप्त सूचना मिली थी कि पाकिस्तान की एक नाव मंगलवार तड़के तस्करी के सामान के साथ गुजरात तट के पास पहुंचेगी और भारतीय नाव पर सवार अपराधियों को ये खेप पहुंचाएगी। उस गुप्त सूचना के आधार पर, आईसीजी, एनसीबी और एटीएस ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (आईएमबीएल) के पास अरब सागर में एक संयुक्त अभियान चलाया।''
उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी मादक पदार्थ तस्कर हाजी मुस्तफा के निर्देशानुसार, पाकिस्तानी चालक दल को भारतीय जल क्षेत्र में प्रवेश करने के बाद रेडियो चैनल का उपयोग कर भारतीय नाव को संकेत देना था।
जोशी ने बताया, ''एनसीबी और एटीएस के अधिकारी आईसीजी जहाज पर सवार हुए और पोरबंदर तट से लगभग 180 समुद्री मील दूर पाकिस्तानी नाव को रोक लिया।''
अरब सागर में एक महीने के भीतर एजेंसियों द्वारा चलाया गया यह दूसरा बड़ा मादक पदार्थ रोधी अभियान है।
इससे पहले 26 फरवरी को पोरबंदर तट से पांच विदेशी नागरिकों को चरस सहित 3,300 किलोग्राम मादक पदार्थों के साथ पकड़ा गया था।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)