देश की खबरें | परीक्षा भवन में प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों को मंगलसूत्र, जनेऊ उतारने की जरूरत नहीं: रेलवे
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और अन्य हिंदू संगठनों ने रेलवे भर्ती बोर्ड की नर्सिंग अधीक्षक परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को मंगलसूत्र और जनेऊ उतार कर परीक्षा भवन में प्रवेश करने संबंधी निर्देश पर सोमवार को कड़ी आपत्ति जताई, जिसके तुरंत बाद इस फैसले को वापस ले लिया गया।
मंगलुरु/बेंगलुरु, 28 अप्रैल विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और अन्य हिंदू संगठनों ने रेलवे भर्ती बोर्ड की नर्सिंग अधीक्षक परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को मंगलसूत्र और जनेऊ उतार कर परीक्षा भवन में प्रवेश करने संबंधी निर्देश पर सोमवार को कड़ी आपत्ति जताई, जिसके तुरंत बाद इस फैसले को वापस ले लिया गया।
रेलवे अधिकारियों ने व्यापक विरोध के बाद, अब स्पष्ट किया है कि अभ्यर्थियों को परीक्षा भवन में प्रवेश करने से पहले मंगलसूत्र और जनेऊ जैसे धार्मिक प्रतीकों को उतारने की आवश्यकता नहीं होगी।
रेल राज्य मंत्री वी सोमन्ना ने इसे लेकर बढ़ती नाराजगी के बीच, मामले में हस्तक्षेप किया और स्पष्ट किया कि रेलवे भर्ती बोर्ड की नर्सिंग अधीक्षक परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को किसी भी तरह के धार्मिक प्रतीक या मंगलसूत्र को उतारने की आवश्यकता नहीं होगी।
उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि परीक्षा प्रक्रिया के दौरान धार्मिक भावनाओं का सम्मान किया जाए।
अधिकारियों के अनुसार, यह परीक्षा मंगलवार (29 अप्रैल) को मंगलुरु के बॉन्डेल में मनैल श्रीनिवास नायक बेसेंट विद्या केंद्र में आयोजित की जाएगी।
शुरुआत में, प्रवेश पत्र में अभ्यर्थियों को परीक्षा देने से पहले मंगलसूत्र और जनेऊ उतारने का निर्देश दिया गया था।
विहिप के क्षेत्रीय नेता शरण पंपवेल ने ‘पीटीआई-’ से कहा, “हम घटनाक्रम पर नजर रख रहे हैं, अगर परीक्षा अधिकारियों द्वारा इनमें से कोई भी कदम (अभ्यर्थियों के मंगलसूत्र और जनेऊ उतारने) उठाया जाता है, तो हम इसमें सुधार कराएंगे।”
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