देश की खबरें | बीसीसीआई ने आईपीएल के लिए चीनी प्रायोजक जारी रखकर देश के प्रति अनादर दिखाया: एसजेएम
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के लिए चीनी प्रायोजकों के साथ बने रहने के बीसीसीआई के फैसले पर हैरानी जताते हुए राष्ट्रीय स्वयं सेवक (आरएसएस) से संबद्ध स्वदेशी जागरण मंच (एसजेएम) ने सोमवार को कहा कि लोगों को इस टी-20 क्रिकेट लीग का बहिष्कार करने पर विचार करना चाहिए।
नयी दिल्ली, तीन अगस्त इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के लिए चीनी प्रायोजकों के साथ बने रहने के बीसीसीआई के फैसले पर हैरानी जताते हुए राष्ट्रीय स्वयं सेवक (आरएसएस) से संबद्ध स्वदेशी जागरण मंच (एसजेएम) ने सोमवार को कहा कि लोगों को इस टी-20 क्रिकेट लीग का बहिष्कार करने पर विचार करना चाहिए।
एसजेएम के सह-संयोजक अश्वनी महाजन ने एक बयान में कहा कि भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) और आईपीएल की संचालन समिति ने चीनी सैनिकों के साथ झड़प में शहीद हुए भारतीय सैनिकों का अनादर किया है।
महाजन ने कहा, ‘‘जब देश अर्थव्यवस्था को चीनी प्रभुत्व से मुक्त बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहा है, सरकार चीन को हमारे बाजारों से दूर रखने के लिए सभी प्रयास कर रही है, ऐसे में आईपीएल यह फैसला देश की जनभावना के खिलाफ है।’’
उन्होंने कहा कि लोगों को इस क्रिकेट लीग का बहिष्कार करने पर विचार करना चाहिए। उन्होंने बीसीसीआई और आईपीएल के आयोजकों से चीनी कंपनियों के साथ बने रहने के फैसले पर विचार करने की सलाह देते हुए कहा कि देश की सुरक्षा और गरिमा से बढ़कर कुछ भी नहीं है।
आईपीएल संचालन समिति ने रविवार को टूर्नामेंट के प्रमुख प्रायोजकों के रूप में चीनी कंपनियों के साथ बने रहने का फैसला किया था। चीनी मोबाइल फोन निर्माता कंपनी वीवो इस टी-20 लीग की ‘टाइटल’ प्रायोजक है।
वीवो ने पांच साल के इस करार के लिए बीसीसीआई को 2,000 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान किया है।
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