देश की खबरें | असामाजिक तत्व कांवड़ यात्रा की आड़ में माहौल खराब करने की कोशिश कर सकते हैं: मुख्यमंत्री योगी

मेरठ, 20 जुलाई उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को कहा कि कुछ असामाजिक तत्व कांवड़ यात्रा की आड़ में माहौल खराब करने की कोशिश कर सकते हैं।

योगी ने मेरठ में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘कांवड़ यात्रा श्रद्धा, अनुशासन और लोककल्याण की प्रतीक है। सरकार की प्राथमिकता है कि यह यात्रा निर्विघ्न संपन्न हो। लेकिन जो भी व्यक्ति हुड़दंग या तोड़फोड़ करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कानून हाथ में लेने की किसी को अनुमति नहीं है।’’

उन्होंने कहा कि यात्रा मार्गों की निगरानी के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं और सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से उपद्रवियों की पहचान कर उन्हें चिह्नित किया जा रहा है।

योगी ने रविवार को मेरठ पहुंचकर कांवड़ यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा की और यात्रा के सुचारु संचालन के लिए प्रशासनिक तैयारियों की समीक्षा की।

मुख्यमंत्री ने साफ किया, “भक्ति में बाधा डालने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।”

मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर दोपहर करीब 12 बजे शोभित विश्वविद्यालय परिसर में उतरा, जिसके बाद उन्होंने मोदीपुरम क्षेत्र में दुल्हेड़ा चौकी के पास बनाए गए मंच से कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा की।

इस दौरान ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयकारों से वातावरण गूंज उठा।

मंच पर राज्यसभा सदस्य लक्ष्मीकांत वाजपेयी, राज्य सरकार में मंत्री सोमेंद्र तोमर और अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री योगी ने प्रत्येक कांवड़ संघ से ऐसे किसी भी तत्व का पर्दाफाश करने का आग्रह किया, जो इस यात्रा को बदनाम करने का प्रयास कर उपद्रवी के वेश में छिपे हैं।

योगी ने सभा को संबोधित करते हुए कहा, “हमें यह ध्यान रखना होगा कि कुछ तत्व लगातार इस उत्साह को भंग करने और इस भक्ति व आस्था को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे तत्वों द्वारा सोशल मीडिया मंचों के साथ-साथ प्रत्यक्ष रूप से भी कांवड़ यात्रा को बदनाम करने की कोशिशें की जा रही हैं।”

मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं से किसी भी प्रकार की संदेहास्पद गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल प्रशासन को सूचित करने की अपील की।

इससे पहले योगी ने मेरठ से मुजफ्फरनगर तक कांवड़ मार्ग का हवाई सर्वेक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

उन्होंने यह भी कहा कि शिव भक्ति का मूल भाव संयम, अनुशासन और सहभाव है।

मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘2017 से पहले कांवड़ यात्रा को लेकर प्रशासनिक रवैया नकारात्मक था। यात्रा में बाधाएं डाली जाती थीं। लेकिन अब सरकार श्रद्धालुओं के साथ है और पूरी तत्परता से सेवाएं दे रही है।’’

मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं से समय पर अपने गंतव्य पहुंचने और शांति पूर्वक जलाभिषेक करने की भी अपील की।

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