क्या मंत्री के घर बच्चा आने से जर्मनी में सरोगेसी कानून बदल जाएगा
जर्मनी में सरोगेसी पर कानूनी रूप से प्रतिबंध है.
जर्मनी में सरोगेसी पर कानूनी रूप से प्रतिबंध है. बावजूद इसके जर्मन सरकार के एक मंत्री ने सरोगेसी की मदद से बच्चा पैदा किया और अब इसे लेकर बहस हो रही है.जर्मनी में सीडीयू/सीएसयू के संसदीय नेता येंस श्पान और उनके समलैंगिक पति डानिएल फुंके ने हाल ही में सरोगेसी के जरिए बच्चा पैदा करने की जानकारी दी है. जर्मनी में कानूनी रूप से यह संभव नहीं है इसलिए दोनों ने अमेरिका में सरोगेट मां के जरिए बच्चा पैदा किया. यहा जानकारी सामने आने के बाद जर्मन मंत्री की कड़ी आलोचना हो रही है.
सत्ताधारी गठबंधन का नेतृत्व कर रही सीडीयू/सीएसयू पार्टी के संसदीय दल की प्रवक्ता ने शुक्रवार को कहा कि जर्मनी में सरोगेसी पर प्रतिबंध जारी रहना चाहिए. इसके एक दिन पहले ही येंस श्पान ने सरोगेसी के जरिए बच्चा पैदा करने की जानकारी दी थी. परिवार मामलों के मंत्री कारिन प्रीन की प्रवक्ता ने कहा है, "गठबंधन समझौते में मौजूदा कानूनी स्थिति को बदलने के लिए कोई जगह नहीं है."
बिन मां बाप के पल रहे हैं सरोगेसी से पैदा हुए बच्चे
इसी साल फरवरी में पार्टी की कांफ्रेंस में सीडीयू ने फैसला किया, "सरोगेसी को लेकर नैतिक, कानूनी और व्यवहारिक चिंताओं को देखते हुए जर्मनी की सीडीयू यह अपनी मांग दोहराती है कि परोपकार समेत सभी मॉडलों में सरोगेसी पर जर्मनी में प्रतिबंध जारी रहना चाहिए जिससे कि दुरुपयोग, शोषण और स्वास्थ्य के खतरों को रोका जा सके."
मंत्री की आलोचना
येंस श्पान को अमेरिका में सरोगेसी के जरिए बच्चा पैदा करने के लिए आलोचना झेलनी पड़ रही है. आलोचना करने वालों में सीडीयू के अधिकारी भी शामिल हैं. थुरिंजिया स्टेट की महिला संघ की प्रमुख मारियोन रोजिन का कहना है, "सरोगेसी पर जर्मनी में नैतिक वजहों से प्रतिबंध है. जो कोई भी इस प्रतिबंध का उल्लंघन कर विदेश में इसका समाधान निकाल रहा है वह खुद को जर्मन कानून की आत्मा के ऊपर रख रहा है." रोजिन ने येंस श्पान को इस्तीफा देने की सलाह दी है. उन्होंने कहा कि अगर एक शीर्ष राजनेता की विश्वसनीयता खत्म हो जाती है, "तो इस्तीफा ही नतीजा बचता है."
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर भी जर्मन मंत्री की आलोचना करते हुए कई पोस्ट डाल गए हैं. इनमें एक तस्वीर में श्पान और उनके पति एक प्रैम के साथ दिख रहे हैं. ऐसे पोस्ट की एक वजह यह भी है कि श्पान बीते वर्षों में खुद को सरोगेसी के खिलाफ दिखाते रहे हैं. श्पान के पति डानिएल फुंके ने बिल्ड टेब्लॉयड अखबार से कहा है, "हम जानते हैं कि अकसर सरोगेसी के मुद्दे पर एक अनिश्चितता रहती है और और इसे लेकर कुछ पूर्वाग्रह भी है हालांकि ग्रेट फ्रांत्स बेकेनबाउअर ने जैसा कहा था: 'प्यारे भगवान हर बच्चे से खुश होते हैं."
इस्राएल की सुप्रीम कोर्ट ने दिया समलैंगिकों को सरोगेसी का अधिकार
जर्मन चांसलर फ्रीडरिष मैर्त्स से गुरुवार को जब पत्रकारों ने इस पर सवाल पूछा तो उन्होने इसे घरेलू राजनीति का मुद्दा कह कर जवाब देने से मना कर दिया. उस वक्त मैर्त्स अल्जीरिया के राष्ट्रपति के साथ कांफ्रेंस में थे. हालांकि उन्होंने यह कहा कि शुक्रवार को श्पान ने उन्हें इसकी जानकारी दी थी कि वे और उनके पति पेरेंट्स बनने जा रहे हैं और उन्होंने उन्हें बधाई दी थी.
श्पान और फुंके ने बुधवार को इसकी घोषणा की थी. श्पान ने बिल्ड से कहा, "मेरे पिता दादा बन गए हैं और मैं उनके साथ हूं. गेओर्ग हमारी सारी खुशी है. इस अहसास को शब्दों में बयान नहीं किया जा सकता." बिल्ड ने बताया कि बच्चे का जन्म अमेरिका में सरोगेट मदर की मदद से हुआ है. श्पान के कार्यालय ने मीडिया में आ रही जानकारियों की पुष्टि कर दी है.
सरोगेसी पर क्या कहता है जर्मन कानून
जर्मनी में एंब्रायो प्रोटेक्शन एक्ट के तहत सरोगेसी की प्रक्रिया पर पूरी तरह प्रतिबंध है. डॉक्टर भ्रूण को किसी महिला के गर्भ में नहीं डाल सकते जो बच्चे के जन्म के बाद उसे किसी और महिला को सौंपना चाहती है.
सरोगेसी के लिए मध्यस्थ के रूप में काम करके इसका इंतजाम करना भी जर्मनी के एडॉप्शन प्लेसमेंट एक्ट के तहत प्रतिबंधित है. मध्यस्थ के रूप में काम करने वाली एजेंसियों को सजा भुगतना पड़ सकता है.
जर्मनी के परिवार कानून के तहत कानूनी मां हमेशा वही महिला होगी जिसने बच्चे को जन्म दिया है. हालांकि जर्मनी के कानून में सरोगेट मदर और उनकी सेवा लेने वाले जोड़े आपराधिक प्रावधानों के निशाने पर नहीं है. कानून पूरी तरह से मेडिकल प्रोफेशनल और बिचौलियों को ही निशाना बनाता है.
बेचने के लिए बच्चे पैदा करने के आरोप में महिलाओं को सजा
अगर जर्मन जोड़े विदेश में सरोगेसी के जरिए बच्चा पैदा करें तो क्या होगा? बहुत से जर्मन जोड़े उन देशों में सरोगेसी से बच्चे पैदा करते हैं जहां यह वैध है. हालांकि जर्मनी मे वापसी पर उनके सामने कई मुश्किलें आती हैं.
कानूनी रूप से उनके लिए अभिभावक, नागरिकता, जन्म पंजीकरण और विदेशी अदालतों के फैसलों को मान्यता को लेकर मामला जटिल हो जाता है. जर्मन अदालत कुछ परिस्थितियों में इसकी मंजूरी दे सकती है लेकिन यह हर मामले की परिस्थिति को देख कर अलग अलग तय किया जाता है.
समलैंगिक जोड़ों के लिए मां-बाप बनने का विकल्प
जर्मनी की न्याय मंत्री और सोशल डेमोक्रैटिक पार्टी की नेता श्टेफानी ह्यूबिष ने मई में यह स्पष्ट किया था कि सरोगेसी पर प्रतिबंध को हटाने की कोई योजना नहीं है.
सत्ताधारी गठबंधन में जूनियर पार्टी की हैसियत से शामिल एसपीडी (सोशल डेमोक्रैटिक पार्टी) की नेता ने अब कहा है कि वह लंबे समय से समलैंगिक रिश्तों में रह रही दो महिलाओं के लिए वैकल्पिक उपायों पर विचार कर रही हैं जिसमें से एक ने बच्चे को जन्म दिया है.
उनका कहना है कि समलैंगिक जोड़े के रूप में बच्चे को जन्म देने का श्पान का फैसला बदलाव की चिंगारी पैदा कर सकता है. उन्होंने कहा, "मैं खुश हूं कि सीडीयू/सीएसयू संसदीय ग्रुप के नेता के परिवार में नया सदस्य आया है और निश्चित रूप से उनमें दो मांओं की स्थिति के लिए समझ पैदा होगी. उससे मुझे लगता है कि इस दिशा में प्रगति के लिए यह अच्छा कदम है."
एसपीडी पार्टी के नेता और वाइस चांसलर लार्स क्लिंगबाइल ने एक ह्यूबिष के साथ प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि वह श्पान के लिए बहुत खुश हैं. जर्मन संसद बुंडेसटाग की अध्यक्ष यूलिया क्लोएकनर ने भी इंस्टाग्राम पर श्पान और उनके पति को बधाई दी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 17, 2026 07:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

