PM Modi-Benjamin Netanyahu Phone Call: पीएम मोदी और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बीच फोन पर हुई बातचीत, पश्चिम एशिया की स्थिति और द्विपक्षीय संबंधों पर हुई चर्चा
संयुक्त बयान में कहा गया था कि भारत की प्रतिभा, विनिर्माण क्षमता और उद्यमशीलता तथा इजरायल की तकनीकी और नवाचार क्षमता एक-दूसरे की पूरक हैं. यह साझेदारी 'आत्मनिर्भर और विकसित भारत 2047' के लक्ष्य को मजबूती देने के साथ-साथ दोनों देशों की साझा प्रगति और तकनीकी परिवर्तन को गति देगी.
PM Modi-Benjamin Netanyahu Phone Call: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बीच गुरुवार को फोन पर बातचीत हुई. इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत-इजरायल विशेष रणनीतिक साझेदारी (India-Israel Special Strategic Partnership) की प्रगति की समीक्षा की और पश्चिम एशिया (West Asia) की मौजूदा स्थिति पर भी विस्तार से चर्चा की. प्रधानमंत्री मोदी ने बातचीत के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी साझा की. यह भी पढ़ें: बेंजामिन नेतन्याहू ने PM मोदी को बधाई दी, भारत-इजराइल संबंधों के 'नई ऊंचाई' छूने की उम्मीद जताई
प्रधानमंत्री मोदी ने X पर लिखा, "प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का फोन आया. हमने भारत-इजरायल विशेष रणनीतिक साझेदारी के विभिन्न पहलुओं पर हुई प्रगति की समीक्षा की, जो लगातार मजबूत होती जा रही है. साथ ही पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया."
भारत-इजरायल रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने पर सहमति
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के अनुसार, दोनों नेताओं ने भारत-इजरायल विशेष रणनीतिक साझेदारी में लगातार हो रही प्रगति की समीक्षा की और विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई. दोनों नेताओं ने भविष्य में भी नियमित संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई.
फरवरी में प्रधानमंत्री मोदी ने किया था इजरायल का दौरा
इस वर्ष फरवरी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वरिष्ठ मंत्रियों और अधिकारियों के उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल के साथ दो दिवसीय इजरायल दौरा किया था. यह यात्रा प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के निमंत्रण पर हुई थी.
इस दौरान दोनों नेताओं ने प्रधानमंत्री मोदी की 2017 की ऐतिहासिक इजरायल यात्रा और नेतन्याहू की 2018 की भारत यात्रा को याद करते हुए कहा था कि इन दौरों ने दोनों देशों के रिश्तों में नई ऊर्जा और सहयोग की मजबूत नींव रखी.
तकनीक, रक्षा और कृषि समेत कई क्षेत्रों में बढ़ा सहयोग
दोनों देशों ने उभरती तकनीकों, साइबर सुरक्षा, कृषि, जल प्रबंधन, स्वास्थ्य, उद्यमिता, रक्षा, अंतरिक्ष, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), सेमीकंडक्टर, क्वांटम कंप्यूटिंग और बायोटेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और आगे बढ़ाने पर जोर दिया. दोनों प्रधानमंत्रियों ने रणनीतिक साझेदारी को नए स्तर पर ले जाने के लिए 'Special Strategic Partnership for Peace, Innovation and Prosperity' के तहत मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता दोहराई.
संयुक्त बयान में कहा गया था कि भारत की प्रतिभा, विनिर्माण क्षमता और उद्यमशीलता तथा इजरायल की तकनीकी और नवाचार क्षमता एक-दूसरे की पूरक हैं. यह साझेदारी 'आत्मनिर्भर और विकसित भारत 2047' के लक्ष्य को मजबूती देने के साथ-साथ दोनों देशों की साझा प्रगति और तकनीकी परिवर्तन को गति देगी.