New Zealand में भी शुरू हो सकता है भारत का UPI, ट्रेड मिनिस्टर टॉड मैक्ले ने दिया बड़ा संकेत
UPI आज दुनिया के कुल रियल-टाइम डिजिटल पेमेंट ट्रांजैक्शन का करीब 49 प्रतिशत हिस्सा संभालता है. यही वजह है कि यह दुनिया का सबसे बड़ा रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम बन चुका है. भारत सरकार और NPCI लगातार UPI को अधिक देशों तक पहुंचाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जिससे भारतीय पर्यटकों, छात्रों, कारोबारियों और प्रवासी भारतीयों को विदेशों में डिजिटल भुगतान करने में और अधिक सुविधा मिल सके.
UPI in New Zealand: भारत का यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) अब तेजी से दुनिया भर में अपनी पहचान बना रहा है. इसी कड़ी में अब न्यूजीलैंड भी UPI को अपनाने की दिशा में आगे बढ़ सकता है. न्यूजीलैंड के ट्रेड और इन्वेस्टमेंट मंत्री टॉड मैक्ले (Todd McClay) ने शुक्रवार को कहा कि भारत का QR-आधारित डिजिटल भुगतान सिस्टम UPI न्यूजीलैंड में भी शुरू किया जा सकता है. उनका मानना है कि दोनों देशों के बीच बढ़ते आर्थिक और व्यापारिक संबंधों से इस दिशा में तेजी आएगी. UPI Changes from 1st Jan 2024: आज से बंद हो जाएंगे इन लोगों के Gpay, Paytm, Phonepe अकाउंट, नहीं कर पाएंगे कोई पेमेंट
UPI का न्यूजीलैंड में स्वागत करेगा देश
आईएएनएस (IANS) से बातचीत में टॉड मैक्ले ने कहा कि न्यूजीलैंड एक खुली अर्थव्यवस्था (Open Economy) है और देश नए डिजिटल इनोवेशन को अपनाने के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि "UPI निश्चित रूप से न्यूजीलैंड आ सकता है. डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर हमारी अर्थव्यवस्था के आधुनिकीकरण का अहम हिस्सा है. भारत के साथ होने वाला मुक्त व्यापार समझौता (FTA) इस प्रक्रिया को और आसान तथा भरोसेमंद बनाएगा."
मैक्ले ने यह भी कहा कि आने वाले समय में भारत और न्यूजीलैंड के बीच निवेश और कारोबार बढ़ने के साथ बिजनेस-टू-बिजनेस स्तर पर UPI को लेकर और बातचीत देखने को मिलेगी.
PM मोदी के दौरे के दौरान बढ़ी चर्चा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीन देशों के दौरे के अंतिम चरण में दो दिवसीय यात्रा पर न्यूजीलैंड पहुंचे हैं. ऑकलैंड एयरपोर्ट पर न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने उनका विशेष स्वागत किया. इससे पहले इंडोनेशिया दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने घोषणा की थी कि भारत का UPI जल्द ही इंडोनेशिया के पेमेंट सिस्टम से जोड़ा जाएगा. इससे दोनों देशों के पर्यटकों और कारोबारियों के लिए सीमा पार भुगतान (Cross-Border Payments) करना काफी आसान हो जाएगा.
ग्रीस के बाद अब न्यूजीलैंड की बारी?
पिछले महीने ग्रीस में भी UPI सेवा शुरू की गई थी, जिससे भारतीय यूजर्स सुरक्षित और तेज़ी से डिजिटल भुगतान कर पा रहे हैं. UPI के जरिए अंतरराष्ट्रीय भुगतान की लागत भी पारंपरिक तरीकों की तुलना में काफी कम हो जाती है. फिलहाल UPI लगभग 9 देशों में मर्चेंट पेमेंट और क्रॉस-बॉर्डर रेमिटेंस के लिए उपलब्ध है और इसका दायरा लगातार बढ़ रहा है.
दुनिया का सबसे बड़ा रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम बना UPI
UPI आज दुनिया के कुल रियल-टाइम डिजिटल पेमेंट ट्रांजैक्शन का करीब 49 प्रतिशत हिस्सा संभालता है. यही वजह है कि यह दुनिया का सबसे बड़ा रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम बन चुका है. भारत सरकार और NPCI लगातार UPI को अधिक देशों तक पहुंचाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जिससे भारतीय पर्यटकों, छात्रों, कारोबारियों और प्रवासी भारतीयों को विदेशों में डिजिटल भुगतान करने में और अधिक सुविधा मिल सके.