जर्मन मानते हैं, देश पर अमेरिकी प्रभाव बढ़ा
जर्मनी में किए गए एक सर्वेक्षण के अनुसार 67 प्रतिशत नागरिकों का मानना है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के बाद अमेरिकी राजनीतिक घटनाक्रमों का जर्मनी पर प्रभाव बढ़ गया है.
जर्मनी में किए गए एक सर्वेक्षण के अनुसार 67 प्रतिशत नागरिकों का मानना है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के बाद अमेरिकी राजनीतिक घटनाक्रमों का जर्मनी पर प्रभाव बढ़ गया है.जर्मनी के लगभग दो-तिहाई नागरिकों का मानना है कि अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल की शुरुआत के बाद अमेरिकी राजनीतिक घटनाक्रमों का जर्मनी पर पहले की तुलना में अधिक प्रभाव पड़ रहा है. यह जानकारी फोर्सा शोध संस्थान द्वारा किए गए एक सर्वेक्षण में सामने आई है.
जर्मन भाषा की पत्रिका 'इंटरनेशनल पॉलिटिक्स' के लिए कराए गए इस सर्वेक्षण में शामिल 67 प्रतिशत लोगों ने कहा कि अमेरिका में होने वाले राजनीतिक घटनाक्रमों का जर्मनी पर प्रभाव अब पहले से अधिक है.
इसके उलट 29 प्रतिशत लोगों का मानना है कि अमेरिका का प्रभाव पहले जैसा ही है या कम हुआ है. इनमें 18 प्रतिशत ने कहा कि प्रभाव में कोई खास बदलाव नहीं आया है, जबकि 11 प्रतिशत लोगों ने माना कि अमेरिकी घटनाओं का प्रभाव अब पहले की तुलना में कम है. इस साल की शुरुआत में एक रिपोर्ट में बताया गया था कि जर्मनी के लोगों की अमेरिकी राष्ट्रपति के प्रति सोच सकारात्मक नहीं है और वे अमेरिका को विश्व शांति के लिए खतरे के रूप में देखते हैं.
पूर्वी जर्मनी में सोच अलग
फोर्सा ने 14 अगस्त को 1,004 लोगों के बीच यह सर्वेक्षण किया था. सर्वेक्षण की त्रुटि सीमा प्लस या माइनस तीन प्रतिशत अंक बताई गई है. इसके अनुसार जनवरी 2025 में डॉनल्ड ट्रंप के व्हाइट हाउस लौटने के बाद अमेरिका के बढ़ते प्रभाव को लेकर राय लगभग सभी सामाजिक, आयु और मतदाता समूहों में व्यापक रूप से बंटी हुई है.
हालांकि पूर्वी जर्मनी और पश्चिमी जर्मनी के लोगों के विचारों में कुछ अंतर देखने को मिला. पूर्वी जर्मनी के 78 प्रतिशत लोगों ने माना कि अमेरिका का प्रभाव बढ़ा है, जबकि पश्चिमी जर्मनी में यह आंकड़ा 65 प्रतिशत रहा. पूर्वी जर्मनी ही वह इलाका है जहां धुर दक्षिणपंथी पार्टी एएफडी का प्रभाव सबसे ज्यादा है.
उम्र के आधार पर भी अलग-अलग रुझान सामने आए. 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के 18 प्रतिशत लोगों का मानना है कि अमेरिका का प्रभाव अब कुछ वर्ष पहले की तुलना में कम हो गया है.
युवा नहीं मानते, ट्रंप का असर
वहीं युवा वर्ग में यह धारणा काफी कमजोर रही. 18 से 29 वर्ष आयु समूह के केवल 2 प्रतिशत लोगों ने कहा कि अमेरिका का प्रभाव कम हुआ है, जबकि 30 से 44 वर्ष आयु वर्ग में ऐसा मानने वालों की संख्या 6 प्रतिशत रही.
सर्वेक्षण से संकेत मिलता है कि जर्मनी में ज्यादातर लोग ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के दौरान अमेरिकी राजनीति के प्रभाव को पहले की तुलना में अधिक महत्वपूर्ण मान रहे हैं, खास तौर पर युवा और पूर्वी जर्मनी के नागरिकों के बीच यह धारणा अधिक मजबूत दिखाई देती है.
डॉनल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में जर्मनी और अमेरिका के रिश्तों में तनाव रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति ने जर्मनी पर तल्ख टिप्पणियां की हैं और कई ऐसे फैसले लिे हैं जो जर्मनी के आर्थिक हितों के खिलाफ थे. इसके अलावा अमेरिका ने जर्मनी में तैनात अपने सैनिकों की संख्या घटाने की बात भी कही थी.