VIDEO: मुंबई का प्रसिद्ध 'K Rustom' आइसक्रीम पार्लर सील: एफडीए की छापेमारी में मिले जिंदा चूहे और मक्खियां; फूड लाइसेंस सस्पेंड
महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने दक्षिण मुंबई के ऐतिहासिक 'के. रुस्तम' आइसक्रीम पार्लर का फूड लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. औचक निरीक्षण के दौरान वहां जिंदा चूहे, मक्खियां और एक्सपायर्ड सामग्रियां मिलने के बाद यह सख्त कार्रवाई की गई है.
मुंबई: मुंबई की पहचान और अपनी खास आइसक्रीम सैंडविच के लिए सात दशकों से देश-विदेश के पर्यटकों के बीच लोकप्रिय रहे 'के. रुस्तम एंड कंपनी' (K. Rustom & Co.) आइसक्रीम पार्लर पर महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (Maharashtra Food and Drug Administration) (FDA) ने बड़ी कार्रवाई की है. दक्षिण मुंबई के चर्चगेट क्षेत्र में वीर नरीमन रोड स्थित इस ऐतिहासिक आउटलेट पर औचक छापेमारी के दौरान स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा मानकों का बेहद गंभीर उल्लंघन पाया गया. एफडीए के अधिकारियों ने परिसर के भीतर जिंदा चूहे (रोडेंट्स), मक्खियां और भारी मात्रा में एक्सपायर्ड फ्लेवरिंग एजेंट्स (कृत्रिम स्वाद सामग्री) बरामद होने के बाद पार्लर का फूड लाइसेंस तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है और दुकान को पूरी तरह बंद करने का आदेश जारी किया है. यह भी पढ़ें: Fact Check: क्या समोसे के लिए रोकी गई इंदौर-महू ट्रेन? सोशल मीडिया पर वायरल VIDEO पर पश्चिम रेलवे ने दी सफाई
'सेफ फूड, सेफ महाराष्ट्र' अभियान के तहत औचक कार्रवाई
यह बड़ी कार्रवाई महाराष्ट्र के खाद्य सुरक्षा आयुक्त तुकाराम मुंढे के नेतृत्व में चलाए जा रहे राज्यव्यापी सार्वजनिक स्वास्थ्य अभियान 'सेफ फूड, सेफ महाराष्ट्र' के तहत की गई है. आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, फूड सेफ्टी अधिकारियों की टीम ने जब ब्रेबॉर्न स्टेडियम हाउस स्थित इस दुकान का औचक निरीक्षण किया, तो वहां खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम, 2006 की अनुसूची 4 (Schedule 4) का खुला उल्लंघन होता पाया गया.
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को दुकान और उसके स्टोरेज एरिया में जिंदा चूहे और घरेलू मक्खियां भिनभिनाती मिलीं. इसके अलावा, डेयरी उत्पादों को सुरक्षित रखने के लिए सबसे अनिवार्य कड़ी मानी जाने वाली 'कोल्ड चेन' व्यवस्था भी वहां पूरी तरह ठप पाई गई थी. संचालक मौके पर जरूरी खाद्य सुरक्षा रिकॉर्ड और दस्तावेज भी पेश करने में विफल रहे.
मौके पर नष्ट किए गए एक्सपायर्ड फ्लेवर
जांच टीम ने पाया कि आइसक्रीम बनाने के लिए पार्लर में बड़ी मात्रा में समय-सीमा समाप्त (एक्सपायर्ड) हो चुके एसेंस और आर्टिफिशियल फ्लेवरिंग एजेंट्स जमा करके रखे गए थे. उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को होने वाले सीधे नुकसान को देखते हुए अधिकारियों ने पिस्ता, पाइनएप्पल, स्ट्रॉबेरी, ब्लैककरंट, बादाम, चेरी, लेमन, प्लम और रम जमैका जैसे दर्जनों एक्सपायर्ड फ्लेवर की बोतलों को मौके पर ही पूरी तरह नष्ट कर दिया.
इसके साथ ही, एफडीए के अधिकारियों ने आउटलेट से आइसक्रीम के आधिकारिक सैंपल भी जब्त किए हैं, जिन्हें वसा की मात्रा (फैट कंटेंट) की जांच और संदूषण (कंटामिनेशन) का पता लगाने के लिए सरकारी प्रयोगशाला भेजा गया है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि लैब की रिपोर्ट आने और सभी कमियों को पूरी तरह दुरुस्त करने तक आउटलेट बंद रहेगा.
साफ-सफाई के नियमों का पालन न करने पर FDA ने रुस्तम आइसक्रीम पार्लर को बंद कराया
1953 से मुंबई की पहचान रहा है 'के रुस्तम'
खोदाबख्श रुस्तम ईरानी द्वारा साल 1953 में शुरू किया गया 'के. रुस्तम' केवल एक दुकान नहीं, बल्कि मुंबई की खान-पान विरासत (कलिनरी हेरिटेज) का एक अहम हिस्सा माना जाता है. पिछले 73 वर्षों से मरीन ड्राइव घूमने आने वाले स्थानीय लोगों और पर्यटकों की भीड़ यहां क्रिस्प वेफर्स के बीच मिलने वाले इसके सिग्नेचर ब्लॉक-शेप्ड आइसक्रीम सैंडविच का स्वाद लेने के लिए कतारों में खड़ी रहती है. इतने प्रतिष्ठित संस्थान में इस तरह की गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद मुंबई के खाद्य प्रेमियों के बीच काफी हैरानी है.
राज्य भर में अन्य प्रतिष्ठानों पर भी गिरी गाज
इस विशेष अभियान के दौरान एफडीए ने मुंबई सहित राज्य भर में कुल 16 होटलों और भोजनालयों का निरीक्षण किया. इसमें से 10 को सुधार नोटिस जारी किए गए, जबकि गंभीर कमियां पाए जाने पर के. रुस्तम के अलावा दो अन्य बड़े आउटलेट्स के लाइसेंस भी सस्पेंड किए गए. इसमें धुले का 'होटल पाटिलवाड़ा' (बिना वैध लाइसेंस के चलने पर) और नागपुर स्थित 'श्री हीरा स्वीट्स प्राइवेट लिमिटेड' शामिल हैं, जहां मिठाई बनाने वाली मुख्य जगह के ठीक पास एक मृत चूहा पाया गया था. प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा.