देहरादून: उत्तराखंड (Uttarakhand) के मैदानी और पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते जनजीवन प्रभावित हुआ है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (India Meteorological Department) (IMD) ने बुधवार, 22 जुलाई 2026 को उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, नैनीताल, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश की आशंका जताते हुए 'येलो अलर्ट' (Yellow Alert) जारी किया है.
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार राज्य के कई इलाकों में बिजली चमकने, गरज-चमक के साथ बारिश की तीव्र बौछारें पड़ने की संभावना बनी हुई है. मौसम विभाग ने यह मौसमी मिजाज 25 जुलाई तक बने रहने का पूर्वानुमान व्यक्त किया है. यह भी पढ़ें: Char Dham Yatra: बारिश और भूस्खलन के बाद चारधाम यात्रा पुनः शुरू; मार्गों पर रखी जा रही कड़ी निगरानी
केदारनाथ पैदल मार्ग पर भूस्खलन से यात्रियों को रोका
केदार घाटी में रातभर हुई तेज बारिश के कारण केदारनाथ यात्रा पर असर पड़ा है. गौरीकुंड से लगभग 1 किलोमीटर आगे छौड़ी के पास अचानक पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर और भारी मात्रा में मलबा गिरने के कारण पैदल मार्ग अवरुद्ध हो गया.
मार्ग बाधित होने के बाद एहतियात के तौर पर प्रशासन ने श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया है. घटना की सूचना मिलते ही संबंधित विभागों और आपदा प्रबंधन की टीमों ने जेसीबी मशीनों की मदद से रास्ते से मलबा और बोल्डर हटाने का काम शुरू कर दिया है. अधिकारियों का कहना है कि मार्ग को पूरी तरह साफ और सुरक्षित घोषित किए जाने के बाद ही यात्रियों की आवाजाही पुनः शुरू की जाएगी.
देहरादून में जलभराव, 140 से अधिक सड़कें प्रभावित
बीते कुछ दिनों से जारी बारिश के कारण राज्य की राजधानी देहरादून के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है. हालांकि मंगलवार रात हुई मूसलाधार बारिश से रायपुर और राजपुर जैसे इलाकों में सड़कों पर जलभराव हो गया और नाले उफनाने से कई घरों में पानी घुस गया.
राज्य भर में बारिश और भूस्खलन के कारण मंगलवार को 142 सड़कें यातायात के लिए बंद हो गई थीं. हालांकि लोक निर्माण विभाग और स्थानीय प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए शाम तक 54 सड़कों को साफ कर यातायात बहाल कर दिया था. वहीं देहरादून-मसूरी मार्ग पर भी यातायात को एकतरफा (One-way) नियंत्रित कर वाहनों की आवाजाही शुरू कराई गई है.
चारधाम यात्रा पर प्रशासनिक सतर्कता
सोमवार को हुई तेज बारिश के बाद गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप के निर्देश पर चारधाम यात्रा को एहतियातन रोका गया था, जिसे मंगलवार सुबह मौसम में सुधार के बाद पुनः शुरू कर दिया गया.
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सभी यात्रा मार्गों पर बीसियों संवेदनशील स्थानों की लगातार निगरानी की जा रही है. अधिकारियों ने चारधाम और केदारनाथ धाम की यात्रा पर आ रहे सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे मौसम विभाग के चेतावनियों और प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए ही अपनी यात्रा में आगे बढ़ें.













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