सीएम योगी के नेतृत्व में पीएम आवास के लिए पात्र लाभार्थियों के चयन में ग्राम चौपाल निभा रहे अहम भूमिका
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत पात्र लाभार्थियों के चयन और आवास निर्माण में नए कीर्तिमान स्थापित कर रही है.
लखनऊ, 11 जनवरी : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत पात्र लाभार्थियों के चयन और आवास निर्माण में नए कीर्तिमान स्थापित कर रही है. सरकार द्वारा पारदर्शी और जनहितैषी प्रक्रिया को प्राथमिकता देते हुए, आवास प्लस के नए मानकों के अनुसार लाभार्थियों का चयन तेज गति से किया जा रहा है. इस पहल में ग्राम चौपालें महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं, जहां ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान उनके गांव में ही किया जा रहा है.
प्रदेश सरकार ने ग्रामीण इलाकों में हर शुक्रवार को प्रत्येक विकासखंड की दो ग्राम पंचायतों में ग्राम चौपालों का आयोजन शुरू किया है. इन चौपालों में “गांव की समस्या-गांव में समाधान” के सिद्धांत पर कार्य करते हुए, ग्रामीणों की व्यक्तिगत और सार्वजनिक समस्याओं का समाधान किया जा रहा है. यह पहल न केवल ग्राम वासियों के जीवन को सुगम बना रही है, बल्कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता भी सुनिश्चित कर रही है. यह भी पढ़ें : दिल्ली विस चुनाव से पहले महिला मतदाताओं को नकद अंतरण के वादे करके लुभा रहे हैं राजनीतिक दल
चौपालों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए पात्र लाभार्थियों का चयन तेजी से हो रहा है. इसके लिए ऑनलाइन सर्वेक्षण शुरू किया गया है, जिसमें “आवास प्लस ऐप” का उपयोग किया जा रहा है. यह ऐप न केवल चयन प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बना रहा है, बल्कि आवास निर्माण की प्रक्रिया को भी सुगम बना रहा है.
पहले लाभार्थियों को योजना का लाभ पाने के लिए कार्यालयों में जाकर ऑफलाइन आवेदन करना पड़ता था. अब सरकार ने आवेदन प्रक्रिया को और सरल बना दिया है. इच्छुक आवेदक “पीएमएवाई मोबाइल ऐप” के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं. आवेदन के बाद आवश्यक दस्तावेज तहसीलदार कार्यालय में जमा करने होंगे, जहां उनका सत्यापन किया जाएगा.
ग्राम चौपालों के जरिए इस प्रक्रिया के बारे में जागरूकता फैलाई जा रही है, जिससे अधिक से अधिक लोग योजना का लाभ उठा सकें. जिलों में जिलाधिकारियों की अध्यक्षता में नियमित बैठकें आयोजित की जा रही हैं, जहां योजना की प्रगति और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए रणनीतियां बनाई जा रही हैं.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशन में सरकार गांवों की जमीनी समस्याओं को हल करने और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ठोस कार्ययोजना पर काम कर रही है. ग्राम चौपालों के माध्यम से न केवल व्यक्तिगत, बल्कि सार्वजनिक समस्याओं का भी समाधान किया जा रहा है. चौपालों के जरिए योजना से जुड़ी सभी जानकारियों का प्रचार-प्रसार किया जा रहा है. तहसील और थाना दिवसों पर प्रधानमंत्री आवास योजना के मानकों और लाभों के बारे में व्यापक जानकारी दी जा रही है. इसके साथ ही, जिलों में लाभार्थी चयन के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण लाभार्थी चयन-2024 रजिस्टर तैयार किया जा रहा है, जिससे सभी पात्र लाभार्थियों को शामिल किया जा सके.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सभी के लिए आवास’ के दृष्टिकोण को साकार करने में योगी सरकार का यह प्रयास एक बड़ा कदम है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का लक्ष्य है कि हर गरीब को उनके जीवन का एक स्थायी ठिकाना मिले. इस योजना के तहत न केवल उन्हें छत प्रदान की जा रही है, बल्कि आत्मसम्मान और सुरक्षित भविष्य का विश्वास भी दिलाया जा रहा है. प्रधानमंत्री आवास योजना का यह पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन सरकार की “सबका साथ, सबका विकास” की सोच को मजबूत कर रहा है. ग्राम चौपालों के जरिए जनजागरूकता और पारदर्शिता की यह पहल न केवल ग्रामीण विकास को गति दे रही है, बल्कि गरीबों के लिए ‘सभी के लिए आवास’ के सपने को साकार करने में भी मील का पत्थर साबित हो रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 11, 2025 03:26 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

