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उत्तर प्रदेश के पारंपरिक उत्पादों को मिलेगा बड़ा प्लेटफॉर्म, सीएम योगी का विजन बनेगा माध्यम

उत्तर प्रदेश को 'उद्यम प्रदेश' बनाने के लिए योगी सरकार प्रतिबद्ध है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक तरफ जहां स्वयं प्रत्येक मंच से प्रदेश के उत्पादों की अक्सर ब्रांडिंग करते रहते हैं.

उत्तर प्रदेश के पारंपरिक उत्पादों को मिलेगा बड़ा प्लेटफॉर्म, सीएम योगी का विजन बनेगा माध्यम
CM Yogi Adityanath | PTI

लखनऊ, 14 सितंबर : उत्तर प्रदेश को 'उद्यम प्रदेश' बनाने के लिए योगी सरकार प्रतिबद्ध है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक तरफ जहां स्वयं प्रत्येक मंच से प्रदेश के उत्पादों की अक्सर ब्रांडिंग करते रहते हैं. वहीं, दूसरी तरफ शासन को निर्देशित कर विभिन्न आयोजनों के माध्यम से यहां के उद्यमियों को अपने उत्पाद की ब्रांडिंग का अवसर भी उपलब्ध कराते हैं.

इस कड़ी में 25 से 29 सितंबर के बीच आयोजित होने जा रहा यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो- 2024 (यूपीआईटीएस- 2024) प्रदेश के पारंपरिक उद्यमियों के लिए 'वैश्विक महाकुंभ' साबित होगा. इस क्रम में, वाराणसी, अयोध्या, गोरखपुर, प्रयागराज, झांसी मंडलों के 270 से अधिक स्थानीय व पारंपरिक उत्पादों के उद्यमियों ने विभिन्न कैटेगरीज के अंतर्गत अब तक रजिस्ट्रेशन करा लिया है. आने वाले दिनों में इस प्रक्रिया में और तेजी आएगी. यह भी पढ़ें : प्रधानमंत्री मोदी का तीसरा कार्यकाल शुरू होने के बाद जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद बढ़ा : कांग्रेस

रजिस्ट्रेशन कराने वाले उद्यमी हथकरघा, टेराकोटा, हस्तशिल्प, स्मॉल स्केल इंडस्ट्रीज, एमएसएमई, ओडीओपी समेत विभिन्न श्रेणियों के उद्यमों का संचालन कर रहे हैं, जो इस भव्य आयोजन में हिस्सा लेंगे. वहीं नए निर्यातक, हस्तशिल्पी व महिला उद्यमी भी आयोजन में सहभागिता को लेकर बेहद उत्साहित और आशान्वित हैं. उनका एक स्वर में कहना है कि सीएम योगी की नीतियां न केवल प्रदेश की परंपरा को संरक्षित कर रही है, बल्कि हमारे उत्पादों के लिए वैश्विक बाजार तक पहुंच को भी सुलभ बना रही है. उनके अनुसार, इससे हमारे उत्पादों की पहुंच दुनिया के विभिन्न देशों तक हुई है. इससे हमारी कमाई में भी बढ़ोतरी होगी.

वाराणसी मंडल के 44 हस्तशिल्पी, नए निर्यातक और महिला उद्यमी इंटरनेशनल ट्रेड शो में जाने के लिए पंजीकरण करा चुके हैं. उद्योग विभाग के संयुक्त आयुक्त उमेश सिंह ने बताया कि यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में वाराणसी मंडल के 4 जिलों वाराणसी, चंदौली, जौनपुर और गाज़ीपुर के वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट के 20 उद्यमी हिस्सा लेंगे. वहीं, सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम (जिसमे लकड़ी के खिलौने, गुलाबी मीनाकारी, दरी, बेवरेज, मेडिकल प्रोडक्ट्स बायो फ़र्टिलाइज़र, मसाला नूडल्स व बनारसी सिल्क उद्योग आदि शामिल हैं) से जुड़े 16 उद्यमी भी प्रतिभाग करेंगे. बनारसी सिल्क साड़ी तथा कालीन उद्योग से जुड़े 8 नए निर्यातक समेत कुल 44 उद्यमी आयोजन में हिस्सा लेने के लिए रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं.

वहीं यूपीआईटीएस 2024 में हिस्सा लेने के लिए आगरा मंडल के 134 हस्तशिल्प, नए निर्यातक और महिला उद्यमियों ने पंजीकरण कराया है. इसमें आगरा से 51, मथुरा से 23, फिरोजाबाद से 56, मैनपुरी से 4 शामिल हैं. इनमें आगरा से डावर फुटवेयर, गुप्ता ओवरसीज, स्टोनमैन आदि निर्यातक शामिल हैं. प्रयागराज में कुल 7 उद्यमियों ने रजिस्ट्रेशन कराया है, जिसमें 3 एमएसएमई इकाइयों के उद्यमी भी हिस्सा लेंगे. इन उद्यमियों को ट्रेड शो में रियायती दरों पर स्टॉल प्राप्त होंगे.

वहीं यूपीआईटीएस 2024 में झांसी मंडल के तीनों जिलों झांसी, ललितपुर और जालौन के 10 उद्यमी अपने उत्पादों के साथ हिस्सेदारी करेंगे. ट्रेड शो में हिस्सा लेने के लिए जालौन के 1, ललितपुर के 2 और झांसी के 7 उद्यमियों ने अभी तक प्रस्ताव दिया है. इसी प्रकार, बरेली में विभिन्न सेक्टर के 22 उद्यमी, बदायूं के 3, पीलीभीत के 4 तथा शाहजहांपुर के 3 उद्यमी हिस्सा ले रहे हैं. कुल मिलाकर बरेली मंडल से 32 उद्यमी यूपीआईटीएस 2024 में अपनी सहभागिता अब तक सुनिश्चित करा चुके हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 14, 2024 04:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).