देश में 1 सितंबर से क्या-क्या हुआ महंगा? जानें आम जनता की जेब पर पड़ने वाले असर
1 सितंबर 2026 से देश में कई बड़े बदलाव लागू हो गए हैं. मुंबई में ऑटो-टैक्सी का किराया और तबेले का दूध महंगा हो गया है, जबकि ऑटोमोबाइल कंपनियों ने गाड़ियों की कीमतें बढ़ा दी हैं. जानें अपनी जेब पर पड़ने वाले सभी असर.
September 1 Price Hike: नया महीना शुरू होने के साथ ही देश में कई महत्वपूर्ण नियम और दरें बदल गई हैं. 1 सितंबर 2026 से घरेलू बजट और दैनिक यात्रा से जुड़े कई सेक्टरों में बदलाव लागू हुए हैं, जिनका सीधा असर आम नागरिकों की जेब पर पड़ेगा. जहां एक तरफ मुंबई जैसे महानगरों में ऑटो-टैक्सी और दूध महंगा हुआ है, वहीं दूसरी तरफ कुछ प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनियों ने भी अपने वाहनों की कीमतें बढ़ा दी हैं.
1. मुंबई में तबेले का दूध ₹9 प्रति लीटर महंगा
महानगर मुंबई और आसपास के इलाकों में खुले (तबेले) भैंस के दूध की दरों में भारी बढ़ोतरी हुई है. मुंबई मिल्क प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (BMPA) ने थोक दर में 9 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की है, जिसके बाद नया थोक भाव 93 रुपये से बढ़कर 102 रुपये प्रति लीटर हो गया है. यह भी पढ़े: Mumbai Auto-Taxi Fare Hike: मुंबई में आज से बढ़ा ऑटो-टैक्सी का किराया, रिक्शा का न्यूनतम किराया ₹27 और टैक्सी का ₹33 हुआ
खुदरा बाजार में यह दूध 110 रुपये से 115 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच सकता है. पशु आहार, चारा और मवेशियों के रखरखाव की बढ़ती लागत को इस बढ़ोतरी का मुख्य कारण बताया गया है.
2. मुंबई और MMR क्षेत्र में ऑटो-टैक्सी का किराया बढ़ा
मुंबई महानगर क्षेत्र परिवहन प्राधिकरण (MMRTA) द्वारा स्वीकृत नई दरों के तहत मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई में ऑटो-रिक्शा और काली-पीली टैक्सी का किराया बढ़ा दिया गया है.
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ऑटो-रिक्शा: शुरुआती 1.5 किलोमीटर का न्यूनतम किराया 26 रुपये से बढ़कर 27 रुपये हो गया है. इसके बाद प्रति किलोमीटर 18.22 रुपये की दर से भुगतान करना होगा.
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काली-पीली टैक्सी: शुरुआती 1.5 किलोमीटर का न्यूनतम किराया 31 रुपये से बढ़कर 33 रुपये हो गया है. इसके बाद प्रति किलोमीटर 21.90 रुपये की दर लागू होगी.
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कारण: सीएनजी (CNG) की बढ़ती कीमतों और वाहनों के स्पेयर पार्ट्स के महंगे होने के चलते यह संशोधन किया गया है.
3. नई कारें खरीदना हुआ महंगा
वाहनों की खरीद योजना बना रहे ग्राहकों को 1 सितंबर से अधिक रकम चुकानी होगी.
टाटा मोटर्स (Tata Motors) और हुंडई (Hyundai) जैसी प्रमुख वाहन निर्माता कंपनियों ने लागत में वृद्धि का हवाला देते हुए अपने चुनिंदा मॉडलों की कीमतों में इजाफा करने का फैसला किया है. टाटा मोटर्स की कारों और एसयूवी के दाम मॉडल के आधार पर 25,000 रुपये तक बढ़ गए हैं.
4. व्यावसायिक और घरेलू एलपीजी (LPG) तथा एटीएफ दरों में संशोधन
ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) द्वारा हर महीने की 1 तारीख को एलपीजी सिलेंडरों और एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) की दरों की समीक्षा की जाती है.
कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों और एटीएफ (हवाई ईंधन) की दरों में बाजार स्थितियों के अनुसार संशोधन लागू किया गया है. हवाई ईंधन महंगा होने से आने वाले समय में हवाई यात्रा के किराए पर दबाव पड़ सकता है.
5. आयकर रिटर्न (ITR) और अन्य वित्तीय समय सीमाएं
31 अगस्त को व्यक्तिगत करदाताओं के लिए बिना विलंब शुल्क (Late Fee) के आयकर रिटर्न भरने की समय सीमा समाप्त हो गई है. 1 सितंबर से यदि कोई टैक्सपेयर रिटर्न दाखिल करता है, तो उसे बिलेटेड रिटर्न (Belated Return) के रूप में पेनल्टी के साथ आईटीआर फाइल करना होगा.
5 लाख रुपये से अधिक वार्षिक आय वाले करदाताओं को 5,000 रुपये तक का विलंब शुल्क देना होगा.
यात्रा में मिली यह बड़ी राहत
महंगाई के बीच अंतरराष्ट्रीय यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए 1 सितंबर से एक अच्छी खबर भी आई है. ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन के नए नियमों के तहत अब भारतीय हवाई अड्डों से विदेश जाने वाले यात्रियों के बोर्डिंग पास पर इमिग्रेशन स्टाम्प लगाने की अनिवार्यता खत्म कर दी गई है. अब डिजिटल या ई-बोर्डिंग पास के जरिए इमिग्रेशन प्रक्रिया तेजी से पूरी हो सकेगी.