संत रविदास मंदिर विवाद: कोर्ट ने भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद रावण समेत 96 लोगों को न्यायिक हिरासत में भेजा
दिल्ली के तुगलकाबाद क्षेत्र में रविदास मंदिर ढहाये जाने के विरोध में हुई तोड़फोड़ के मामलें में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद रावण समेत गिरफ्तार किए गए सभी 96 लोगों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. कोर्ट ने सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा है.
नई दिल्ली: दिल्ली (Delhi) के तुगलकाबाद (Tughlakabad) में रविदास मंदिर ढहाये जाने के विरोध में हुई तोड़फोड़ के मामलें में भीम आर्मी (Bhim Army) चीफ चंद्रशेखर आजाद रावण (Chandrashekhar Azad Ravan) समेत गिरफ्तार किए गए सभी 96 लोगों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. कोर्ट ने सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा है.
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने 10 अगस्त को संत रविदास के मंदिर को गिरा दिया था. इसके विरोध में बुधवार को देशभर से आए दलितों ने दिल्ली में प्रदर्शन किया जो कि बाद में हिंसक हो गया. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को मंदिर स्थल तक जाने की अनुमति नहीं दी थी जिसके कारण प्रदर्शनकारी हिंसक हो गए. इसे काबू में करने के लिये पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस छोड़नी पड़ी थी.
Ravi Das Temple demolition issue: All 96 arrested in the case, including Bhim Army Chief Chandrashekhar Azad, have been sent to 14 days judicial custody.
— ANI (@ANI) August 22, 2019
इस उपद्रव में करीब दर्जनभर पुलिसकर्मी भी जख्मी हो गए थे. पुलिस ने हिंसा करने के आरोप में 'भीम आर्मी' के संस्थापक चंद्रशेखर समेत करीब 96 लोगों को गिरफ्तार किया था. सभी को गुरुवार दोपहर में कोर्ट में पेश किया गया. जहां से कोर्ट ने चंद्रशेखर आजाद रावण समेत गिरफ्तार किए गए सभी लोगों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया.
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 147, 149, 186, 353, 332 के तहत एफआईआर दर्ज किया है. उधर प्रदर्शनकारियों की मांग है कि सरकार दक्षिण-पूर्व दिल्ली के तुगलकाबाद इलाके में भूखंड दलित समुदाय को सौंपे और मंदिर का पुनर्निर्माण कराया जाए.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 22, 2019 06:17 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

