Rajasthan Food Poisoning: धौलपुर के मंदिर में भंडारे का प्रसाद खाने से 40 से अधिक लोग बीमार; पेट दर्द और उल्टी के बाद जिला अस्पताल में भर्ती, जांच में जुटा स्वास्थ्य विभाग
राजस्थान के धौलपुर जिले में एक धार्मिक आयोजन के दौरान संदिग्ध फूड पॉइजनिंग का गंभीर मामला सामने आया है। दिहोली थाना क्षेत्र के मनीराम का पुरा गांव स्थित माखन दास बाबा मंदिर में आयोजित भंडारे का खाना (प्रसाद) खाने के बाद 40 से 50 श्रद्धालु अचानक बीमार पड़ गए. भोजन ग्रहण करने के कुछ ही देर बाद लोगों को तेज पेट दर्द, उल्टी और तेज बुखार की शिकायत होने लगी। स्थिति बिगड़ते देख गांव और आसपास के ढाणियों से बीमार ग्रामीणों को देर रात धौलपुर के जिला अस्पताल पहुंचाया गया.
- Read in
- English
धौलपुर: राजस्थान के धौलपुर जिले के दिहोली थाना क्षेत्र स्थित मनीराम का पुरा गांव में आयोजित एक धार्मिक भंडारे में प्रसाद ग्रहण करने के बाद दर्जनों लोगों की तबीयत अचानक बिगड़ गई. माखन दास बाबा मंदिर परिसर में आयोजित इस सामूहिक भोज में शामिल 40 से अधिक ग्रामीण संदिग्ध फूड पॉइजनिंग (खाद्य विषाक्तता) की चपेट में आ गए हैं.
प्रसाद खाने के कुछ ही घंटों के भीतर श्रद्धालुओं को पेट में तेज मरोड़, लगातार उल्टियां और बुखार की शिकायत होने लगी. देर रात एक साथ बड़ी संख्या में लोगों के बीमार पड़ने से गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया.
देर रात जिला अस्पताल में बढ़े मरीज, इमरजेंसी में अतिरिक्त बेड की व्यवस्था
स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों की मदद से प्रभावित लोगों को तुरंत अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की गई:
- अस्पताल में भर्ती: गंभीर रूप से बीमार दर्जनों मरीजों को देर रात धौलपुर जिला अस्पताल के आपातकालीन वार्ड में भर्ती कराया गया.
- इमरजेंसी वार्ड में अतिरिक्त प्रबंध: मरीजों की अचानक बढ़ती संख्या को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने इमरजेंसी वार्ड में अतिरिक्त बिस्तरों (Beds) का प्रबंध किया और डॉक्टरों व नर्सिंग स्टाफ की विशेष ड्यूटी लगाई.
- मरीजों की स्थिति: अस्पताल में भर्ती सभी मरीजों को लगातार चिकित्सीय निगरानी (Clinical Observation) में रखा गया है, जहां उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है.
राजस्थान में फ़ूड पॉइज़निंग का संदेह
Dholpur, Rajasthan: Around 40 to 50 people reportedly fell ill after consuming food at a bhandara organised at Makhan Das Baba Temple in Maniram Ka Pura village under the Diholi police station area. The affected people complained of stomach pain, fever and other health issues, following which several patients were admitted to the district hospital late at night. A health department team reached the village and began treatment. Food poisoning is suspected, but the exact cause will be confirmed after the food samples are tested.
(05/10)
— IANS (@ians_india) October 5, 2026
स्वास्थ्य विभाग ने गांव में लगाया कैंप, मौके पर दिया प्राथमिक उपचार
घटना की सूचना मिलते ही मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की एक त्वरित प्रतिक्रिया टीम मनीराम का पुरा गांव पहुंची:
- ऑन-साइट स्क्रीनिंग: स्वास्थ्य दल ने मंदिर और गांव में अस्थायी स्वास्थ्य शिविर (Triage Camp) स्थापित कर अन्य ग्रामीणों की जांच शुरू की.
- ओआरएस और दवाइयों का वितरण: जिन लोगों में हल्के लक्षण दिखे, उन्हें मौके पर ही ओआरएस (ORS) के घोल, एंटी-इमेटिक और जरूरी एंटीबायोटिक दवाइयां देकर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया ताकि डिहाइड्रेशन से बचाया जा सके.
भोजन और पानी के नमूने जांच के लिए भेजे गए
प्रारंभिक तौर पर इसे फूड पॉइजनिंग का मामला माना जा रहा है, हालांकि सटीक कारणों की पुष्टि के लिए विधिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है:
- सैंपलिंग: खाद्य सुरक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीम ने भंडारे में बने भोजन के अवशेषों, पकाने में इस्तेमाल की गई कच्ची सामग्रियों और पानी के स्रोतों के नमूने एकत्र किए हैं.
- लैब जांच: इन सभी नमूनों को सील कर राज्य की अधिकृत जनस्वास्थ्य प्रयोगशाला में परीक्षण के लिए भेजा गया है.
- प्रशासनिक निगरानी: जिला प्रशासन के अधिकारियों के अनुसार, बड़े पैमाने पर खाना पकाने के दौरान स्वच्छता की कमी, दूषित पानी या तैयार भोजन के अनुचित रखरखाव (Improper Storage) के चलते बैक्टीरिया पनपने की आशंका जताई जा रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 06, 2026 10:19 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

