Punjab Assembly Election 2022: सीएम की दौड़ में टॉप पर चरणजीत सिंह चन्नी, राहुल गांधी के खास सहयोगी के सर्वे में पिछड़े सिद्धू!
पंजाब में, प्रदेश अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू चुनाव से पहले खुद को शीर्ष पद के लिए जोर देकर पार्टी सहयोगियों के बीच समर्थन हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं. मुख्यमंत्री चन्नी भी पार्टी आलाकमान को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं. पार्टी युद्धरत गुटों को संतुलित करने और नेताओं को शांत करने की कोशिश कर रही है.
नई दिल्ली: पंजाब (Punjab) में कांग्रेस (Congress) यह कहती रही है कि वह मुख्यमंत्री के चेहरे के साथ चुनाव (Election) नहीं लड़ेगी, लेकिन राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के सहयोगी के ट्विटर पोल (Twitter Pole) से राज्य में एक नया विवाद खड़ा हो सकता है. ट्विटर पोल राहुल गांधी के सहयोगी निखिल अल्वा (Nikhil Alva) ने कराया था, जिन्होंने पोल में पूछा था कि पंजाब में मुख्यमंत्री का चेहरा कौन होना चाहिए. लगभग 69 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने मौजूदा मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी (Charanjit Singh Channi) के पक्ष में मतदान किया, इसके बाद नवजोत सिंह सिद्धू (Navjot Singh Sidhu) को 12 प्रतिशत और सुनील जाखड़ (Sunil Jakhar) ने 9 प्रतिशत मत प्राप्त किए. लेकिन वे चन्नी से काफी पीछे हैं. Punjab: मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के भतीजे के घर मिला 4 करोड़ रुपये कैश, ईडी की छापेमारी जारी
पंजाब चुनाव के लिए कांग्रेस पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री का चेहरा कौन होगा, भले ही अभी तक इसकी औपचारिक घोषणा नहीं की गई है, मगर इस सर्वे में मौजूदा सीएम चरणजीत सिंह चन्नी ने सभी को पीछे छोड़ दिया है. दिलचस्प बात तो यह है कि सर्वे किसी एजेंसी ने नहीं किया है, बल्कि कांग्रेस पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के एक खास सहयोगी निखिल अल्वा ने अपने ट्विटर पर लोगों से सीएम चेहरे को लेकर सवाल किया था.
मतदान किए गए कुल वोट 1,283 थे. अल्वा, जो राहुल गांधी के करीबी माने जाते हैं और उनके सोशल मीडिया आउटरीच की देखभाल करते हैं, मार्गरेट अल्वा के बेटे हैं. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए अल्वा ने कहा, राजनीतिक विवेक रखने वाले लोगों से राजनीतिक फीडबैक लेने के लिए यह एक अच्छा मंच है, इसमें कोई बुराई नहीं है.
उन्होंने कहा कि इसमें कुछ भी गंभीर नहीं है. यह फीडबैक सेशन के बारे में है और इस पर कोई विवाद नहीं होना चाहिए. हालांकि, पार्टी ने स्पष्ट रूप से कहा है कि उसकी ओर से किसी को भी मुख्यमंत्री के चेहरे के रूप में पेश करने की संभावना नहीं है और वह राज्य के चुनाव में सामूहिक नेतृत्व के साथ जाएगी. नतीजे आने के बाद मामला सुलझ जाएगा.
पंजाब में, प्रदेश अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू चुनाव से पहले खुद को शीर्ष पद के लिए जोर देकर पार्टी सहयोगियों के बीच समर्थन हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं. मुख्यमंत्री चन्नी भी पार्टी आलाकमान को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं. पार्टी युद्धरत गुटों को संतुलित करने और नेताओं को शांत करने की कोशिश कर रही है.
पंजाब में, आम आदमी पार्टी (आप) ने भगवंत मान को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार बनाया है, क्योंकि अरविंद केजरीवाल ने लोगों से 21 लाख से अधिक प्रतिक्रियाएं प्राप्त करने के बाद उनके नाम को मंजूरी दी है, जिनमें से पार्टी के अनुसार, 93 प्रतिशत ने उनके नाम का समर्थन किया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 20, 2022 10:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

