पंजाब कांग्रेस में अब BSF के अधिकारों को लेकर घमासान, सीएम चन्नी और कैप्टन अमरिंदर सिंह आमने सामने
पंजाब कांग्रेस में सियासी घमासान जारी है. अब मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह आमने-सामने आ गए हैं. दोनों के बीच बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स यानी BSF को ज्यादा अधिकार दिए जाने को लेकर तनातनी हो रही है.
पंजाब कांग्रेस में सियासी घमासान जारी है. अब मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी (Charanjit Singh Channi) और पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह (Captain Amarinder Singh) आमने-सामने आ गए हैं. दोनों के बीच बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स यानी BSF को ज्यादा अधिकार दिए जाने को लेकर तनातनी हो रही है. दरअसल मौजूदा सीएम चन्नी ने केंद्र सरकार के इस फैसले पर जहां सवाल उठाए हैं तो वहीं दूसरी ओर पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह इस फैसले के साथ हैं. CM Charanjit Singh Channi: पंजाब के लिए सुपरहिट फॉर्मूला हैं.
पंजाब सरकार ने अंतरराष्ट्रीय सीमा से 50 किलोमीटर के दायरे में तलाशी लेने और गिरफ्तारी करने का सीमा सुरक्षा बल (BSF) को अधिकार देने के केंद्र के कथित कदम पर बुधवार को कड़ी आपत्ति जताई और इसे ‘संघवाद पर हमला' करार दिया. इससे पहले बीएसएफ को पंजाब में अंतरराष्ट्रीय सीमा से 15 किमी तक कार्रवाई करने का अधिकार था.
पंजाब के मुख्यमंत्री चरनजीत सिंह चन्नी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को टैग करते हुए ट्वीट किया, "मैं अंतरराष्ट्रीय सीमाओं के साथ 50 किमी के क्षेत्र में बीएसएफ को अतिरिक्त अधिकार देने के भारत सरकार के एकतरफा फैसले की कड़ी निंदा करता हूं, जो संघवाद पर सीधा हमला है. मैं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इस असंगत निर्णय को तुरंत वापस लेने का आग्रह करता हूं."
उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने भी इस फैसले की निंदा की और केंद्र से इसे वापस लेने का आग्रह किया. उन्होंने कहा, "मैं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री से इस कदम को वापस लेने का आग्रह करता हूं. मुझे समझ में नहीं आता कि सरकार के दिमाग में क्या है, लेकिन यह हस्तक्षेप और हमारे अधिकारों पर हमला है." उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि केंद्र को हमारी राष्ट्रीयता पर संदेह है. मैं कहना चाहता हूं कि पंजाबी देशभक्त हैं और देश से प्यार करते हैं."
वहीं इसके उलट पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने इस कदम के समर्थन में कहा, "बीएसएफ की बढ़ी हुई उपस्थिति और शक्तियां ही हमें मजबूत बनाएगी. आइए केंद्रीय सशस्त्र बलों को राजनीति में न घसीटें."
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 14, 2021 12:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

