लोकसभा चुनाव 2019: बीजेपी सांसद मीनाक्षी लेखी का बयान, कहा- फिल्म उद्योग के चर्चित चेहरों को चुनाव में उतारना महिला सशक्तिकरण नहीं
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद मीनाक्षी लेखी ने शनिवार को कहा कि तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) के बांग्ला फिल्म उद्योग के चर्चित चेहरों को चुनाव मैदान में उतारने को महिला सशक्तिकरण नहीं कहा जा सकता...
नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद मीनाक्षी लेखी (Meenakashi Lekhi) ने शनिवार को कहा कि तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) के बांग्ला फिल्म उद्योग के चर्चित चेहरों को चुनाव मैदान में उतारने को महिला सशक्तिकरण नहीं कहा जा सकता और सिर्फ उनकी पार्टी का टिकट पाने वाली अभिनेत्रियां ही राजनीति में सभी महिलाओं का प्रतिनिधित्व नहीं करतीं. हाई प्रोफाइल नयी दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा प्रत्याशी ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में प्रत्येक स्तर पर महिलाओं की प्रतिभागिता को बढ़ाने के लिए हर पार्टी को अतिरिक्त प्रयास करने की जरूरत है.
दिल्ली के मुख्य चुनाव कार्यालय के आंकड़ों के मुताबिक यहां 164 उम्मीदवारों में से केवल 18 उम्मीदवार महिलाएं हैं. लेखी ने तृणमूल कांग्रेस का उदाहरण देते हुए पीटीआई-भाषा से एक साक्षात्कार में कहा, “अधिक महिलाओं को राजनीति में आना चाहिए. उनकी दिलचस्पी राजनीति में होनी चाहिए. केवल नाम के लिए टिकट देना सही नहीं है.’’
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उन्होंने आरोप लगाया, “टीएमसी ने सभी अभिनेत्रियों को टिकट दिया है जिससे लग रहा है कि केवल वही महिलाओं का प्रतिनिधित्व करती हैं और ‘सामान्य महिलाएं’ राजनीति में आने के लायक नहीं हैं. यह महिला सशक्तिकरण नहीं है. टीएमसी इन चेहरों की लोकप्रियता को भुना रही है.” यह विषय उठाने पर कि भाजपा ने भी जया प्रदा और हेमा मालिनी जैसी अभिनेत्रियों को उतारा है, लेखी ने कहा कि जिन्होंने खुद को राजनीति में साबित किया है उन्हें ही पार्टी ने टिकट दिया है.
उन्होंने कहा कि ऐसी अभिनेत्री को टिकट देना बिलकुल ठीक है जिन्होंने राजनीति को पर्याप्त समय दिया है, पार्टी का प्रचार किया है और जमीन पर काम किया है. लेखी ने कहा, “किसी भी पेशे के लोग राजनीति में आ सकते हैं. लेकिन किसी को महज इसलिए टिकट देना कि वह एक अभिनेत्री है या कुछ हद तक मशहूर है? यह मेरी समझ से परे है.”
लेखी जो एक वकील भी हैं, ने कहा कि महिलाएं अपने सामान्य जीवन के अरुचिकर कार्यों से बाहर निकलने के लिए कड़ी मेहनत कर रही हैं. उन्होंने कहा, “राजनीति में महिलाओं की सहभागिता को बढ़ावा देने के लिए हमें स्वीकार करने वाले समाज की जरूरत है. आर्थिक पृष्ठभूमि एवं परिवार का सहयोग भी अहम भूमिका निभाता है.” लेखी ने कहा, “मेरे विचार में सभी दलों को ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को प्रत्येक स्तर पर शामिल करने के लिए अतिरिक्त प्रयास करने की जरूरत है.’’
(The above story first appeared on LatestLY on May 04, 2019 03:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

