Madhya Pradesh: इंदौर पुलिस का बड़ा फैसला, घरेलू हिंसा की शिकार महिलाओं को बनाएगी आत्मनिर्भर
मध्य प्रदेश की व्यापारिक नगरी इंदौर में पुलिस ने घरेलू हिंसा की शिकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की पहल की है. पुलिस ने महिला थाने में 'मां अहिल्या स्वावलंबन' डेस्क की शुरूआत की है. इसके जरिए महिलाओं को रोजगार के अवसर मुहैया कराए जाएंगे.
इंदौर, 8 दिसंबर: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की व्यापारिक नगरी इंदौर (Indore) में पुलिस ने घरेलू हिंसा की शिकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की पहल की है. पुलिस ने महिला थाने में 'मां अहिल्या स्वावलंबन' डेस्क की शुरूआत की है. इसके जरिए महिलाओं को रोजगार के अवसर मुहैया कराए जाएंगे. बताया गया है कि इंदौर पुलिस ऐसी महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराने का प्रयास करना चाहती है जो महिलाएं स्वाबलंबी बनने की इच्छुक हैं. ऐसी महिलाओं का रिकार्ड खंगाला जाएगा और उनकी अभिरुचि व योग्यता के अनुसार रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के प्रयास होंगे.
इंदौर के पुलिस उप महानिरीक्षक हरिनारायण चारी मिश्रा ने बताया कि महिलाओं की सुरक्षा व उन्हें जीवन यापन के लिए नई दिशा देने के लिए 'मां अहिल्या स्वावलंबन' डेस्क की शुरूआत की गई है. इसमें जिन भी महिलाओं को रोजगार दिलाया जाएगा, उनका पूरा रिकॉर्ड भी पुलिस के पास होगा. पुलिस ऐसी महिलाओं की काउंसलिंग भी करेगी. उनसे पूछेगी कि रोजगार के दौरान किसी भी तरह की कोई परेशानी तो नहीं है. यह भी पढ़े: इलाहाबाद यूनिवर्सिटी की कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव हुईं साइबर क्राइम का शिकार, केस दर्ज.
बताया गया है कि ऐसी महिलाओं को रोजगार दिलाने में प्राथमिकता दी जाएगी, जो परिवार और पति से प्रताड़ित हैं और उनके लिए जीवन यापन कठिन हो गया है. यह डेस्क सेामवार को शुरु की गई और पहले दिन ही तीन महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराया गया.
राज्य में यह पहला मौका है जब घरेलू हिंसा की पीड़ित महिलाओं को रोजगार मुहैया कराने के प्रयास शुरु हुए हैं. कई बार पुलिस के पास ऐसी शिकायतें आती हैं जिसमें महिला अपनी आर्थिक स्थिति का हवाला देती हैं. पुलिस ने ऐसी महिलाओं के रोजगार मुहैया कराने की पहल की है.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 08, 2020 06:05 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

