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"ऑपरेशन कावेरी" सूडान से 360 भारतीय स्वदेश लौटे

भारत ने हिंसाग्रस्त सूडान से अपने निकासी अभियान के तहत कम से कम 1100 नागरिकों को बाहर निकाल लिया है.

प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit: Image File)

भारत ने हिंसाग्रस्त सूडान से अपने निकासी अभियान के तहत कम से कम 1100 नागरिकों को बाहर निकाल लिया है. 360 भारतीयों का पहला जत्था बीती रात दिल्ली पहुंच गया.भारत सरकार ने सूडान में फंसे अपने नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए ऑपरेशन कावेरी शुरू किया हुआ है. इसी के तहत एक सप्ताह पहले भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भारतीयों की सुरक्षित निकासी सुनिश्चित करने के लिए सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और मिस्र के अपने समकक्षों के से बात की थी. विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने बुधवार देर रात एक ट्वीट में विस्थापितों की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, "भारत अपनों की वापसी का स्वागत करता है. ऑपरेशन कावेरी 360 भारतीय नागरिकों को स्वदेश लाया है, पहली उड़ान नई दिल्ली पहुंची है."

खारतूम से दिल्ली पहुंचे लोगों में से एक महिला ने एनडीटीवी से कहा, "वहां कब क्या हो जाएगा, पता नहीं है. आप वहां किसी भी पल मर सकते हैं."

जयशंकर ने आश्वासन दिया कि सरकार सूडान में सभी भारतीयों की सहायता करने के लिए प्रतिबद्ध है.

दो जनरलों की लड़ाई में लहुलुहान हुआ सूडान

भारत का ऑपरेशन कावेरी

सूडान में जब हिंसा भड़की थी तब उस वक्त करीब 3,000 भारतीय रह रहे थे. इनमें से अधिकतर राजधानी खारतूम में रह रहे थे.

मंगलवार तक पोर्ट सूडान में जमा हुए अधिकांश भारतीय नागरिकों को अब सऊदी अरब भेज दिया गया है. भारतीय अधिकारी अभी भी राजधानी शहर के पास स्थित सैन्य हवाई अड्डों के इस्तेमाल समेत खारतूम और अन्य स्थानों से फंसे हुए भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए विभिन्न विकल्पों की तलाश कर रहे हैं.

इस ऑपरेशन के हिस्से के रूप में भारत ने सऊदी अरब के शहर जेद्दाह में दो बड़े सैन्य परिवहन विमान और एक नौसैनिक जहाज को अपने फंसे हुए नागरिकों को निकालने के लिए अपनी आकस्मिक योजना के तहत हिंसा प्रभावित सूडान में एक प्रमुख बंदरगाह पर तैनात किया है.

जेद्दाह के जरिए लाए जा रहे हैं लोग

ऑपरेशन के तहत जेद्दाह में एक ट्रांजिट सुविधा स्थापित की है और सभी भारतीयों को सूडान से निकालने के बाद सऊदी अरब के तटीय शहर ले जाया गया है.

विदेश राज्य मंत्री वी. मुरलीधरन निकासी मिशन की निगरानी के लिए फिलहाल जेद्दाह में हैं.

विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, "हम उन भारतीयों की सुरक्षित आवाजाही के लिए विभिन्न साझेदारों के साथ समन्वय कर रहे हैं, जो सूडान में फंसे हुए हैं और निकला चाहते हैं."

भारतीय वायुसेना का सी-130जे विमान 128 भारतीयों को लेकर मंगलवार को जेद्दाह पहुंचा, जबकि आईएएनएस तेग भारतीयों के पांचवें जत्थे समेत 297 यात्रियों को लेकर बीती रात सूडान बंदरगाह से रवाना हुआ.

मुरलीधरन ने ट्वीट किया, "यह सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं कि जेद्दाह पहुंचे सभी भारतीयों को जल्द से जल्द भारत भेजा जाए."

2021 के तख्तापलट के बाद सूडान की सत्ता पर काबिज होने वाले दो जनरलों के वर्चस्व की लड़ाई में सूडान हिंसा की चपेट में हैं. ये दो जनरल हैं सूडान के सेना प्रमुख अब्देल फतह अल बुरहान और उनके डिप्टी मोहम्मद हमदान दागलो. दागलो सूडान की ताकतवर अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्सेज यानी आरएसएफ के प्रमुख हैं. संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के अनुसार, लड़ाई में 459 लोग मारे गए हैं और 4,000 से अधिक घायल हुए हैं. सूडान के कई क्षेत्रों में बिजली और पानी नहीं है और खारतूम और अन्य शहरों में भोजन की कमी की रिपोर्टें हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 27, 2023 03:10 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).