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महबूबा मुफ्ती ने अमित शाह से की बात, कहा- 'हम दुख की इस घड़ी में राष्ट्र के साथ खड़े'

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने गुरुवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बात की. साथ ही उन्होंने शाह से विभिन्न राज्यों में कश्मीरी छात्रों और व्यापारियों को धमकी देने वालों के खिलाफ तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है.

महबूबा मुफ्ती ने अमित शाह से की बात, कहा- 'हम दुख की इस घड़ी में राष्ट्र के साथ खड़े'

श्रीनगर, 24 अप्रैल : पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने गुरुवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बात की. साथ ही उन्होंने शाह से विभिन्न राज्यों में कश्मीरी छात्रों और व्यापारियों को धमकी देने वालों के खिलाफ तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है.

महबूबा मुफ्ती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "पहलगाम आतंकी हमले पर अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करने और शोक संतप्त परिवारों के प्रति एकजुटता व्यक्त करने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बात की. हम दुख की इस घड़ी में राष्ट्र के साथ खड़े हैं." यह भी पढ़ें : Pahalgam Attack: पहलगाम हमले के बाद उठे सवाल, क्या पाकिस्तान से आई सीमा हैदर को भी छोड़ना पड़ेगा भारत? जानें विशेषज्ञों की राय और कानून क्या कहता है

उन्होंने कहा कि साथ ही अमित शाह से विभिन्न राज्यों में कश्मीरी छात्रों और व्यापारियों को खुलेआम धमकाने वाले कुछ तत्वों के मद्देनजर हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया है. मैंने उनसे आग्रह किया कि जहां भी ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं, वहां उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बिना देरी किए हस्तक्षेप करें.

बता दें कि पहलगाम में 22 अप्रैल (मंगलवार) को हुए आतंकी हमले की महबूबा मुफ्ती ने कड़ी शब्दों में निंदा की थी. जम्मू-कश्मीर की पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया साझा करते हुए लिखा था, "चैंबर एंड बार एसोसिएशन जम्मू ने पर्यटकों पर हुए इस भयानक आतंकवादी हमले के विरोध में बुधवार को पूर्ण बंद का आह्वान किया है. मैं सभी कश्मीरियों से अपील करती हूं कि वे पहलगाम में हुए इस क्रूर हमले में मारे गए निर्दोष लोगों के सम्मान में इस बंद का समर्थन करें. यह हमला सिर्फ कुछ चुनिंदा लोगों पर नहीं, बल्कि हम सभी पर है. हम दुख और आक्रोश में एकजुट हैं और इस नरसंहार की निंदा करने के लिए बंद का पुरजोर समर्थन करते हैं."

एक और पोस्ट में उन्होंने कहा था, "मैं पहलगाम में पर्यटकों पर हुए कायराना हमले की कड़ी निंदा करता हूं. ऐसी हिंसा अस्वीकार्य है और इसकी निंदा की जानी चाहिए. ऐतिहासिक रूप से, कश्मीर ने पर्यटकों का गर्मजोशी से स्वागत किया है, लेकिन यह घटना बेहद चिंताजनक है. अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने और संभावित सुरक्षा चूक की जांच करने के लिए गहन जांच की आवश्यकता है."

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 24, 2025 11:30 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).