Ladki Bahin Yojana Update: लाडकी बहन योजना में कौन है पात्र, और क्यों अटकी ₹1,500 की किस्त? जानें वजह
महाराष्ट्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना' इन दिनों राज्य में काफी चर्चा का विषय बनी हुई है. इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है, जिससे उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त होने में मदद मिल रही है
Ladki Bahin Yojana Update: महाराष्ट्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना' इन दिनों राज्य में काफी चर्चा का विषय बनी हुई है. इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है, जिससे उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त होने में मदद मिल रही है. अब तक राज्य की लाखों महिलाएं इस योजना का लाभ उठा चुकी हैं. हालांकि, हाल ही में सरकार ने एक बड़ा कदम उठाते हुए कई महिलाओं की मासिक किस्त पर रोक लगा दी है.
अपात्र महिलाओं के नाम सूची से हटाए गए
योजना की शुरुआत 28 जून 2024 को महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से की गई थी. शुरुआत से ही बड़ी संख्या में महिलाओं ने इसके लिए आवेदन किया था. लेकिन जांच के दौरान यह बात सामने आई कि कई ऐसी महिलाएं भी इस योजना का लाभ ले रही थीं, जो इसके लिए तय किए गए मानदंडों को पूरा नहीं करती हैं. इसके कारण वास्तविक पात्र महिलाओं तक लाभ पहुंचने में बाधा आ रही थी.
इस विसंगति को दूर करने के लिए सरकार ने सभी लाभार्थियों के लिए विशेष ई-केवायसी (e-KYC) प्रक्रिया को अनिवार्य कर दिया था. इस पुनर्सत्यापन प्रक्रिया के बाद लाखों अपात्र महिलाओं के नाम लाभार्थी सूची से हटा दिए गए हैं, जिसके कारण उनकी 1,500 रुपये की किस्त बंद हो गई है.
ई-केवायसी की समय सीमा समाप्त
सरकार ने महिलाओं को अपने दस्तावेजों को दुरुस्त करने और ई-केवायसी प्रक्रिया को पूरा करने के लिए कई बार समय सीमा बढ़ाई थी. इस प्रक्रिया की अंतिम तिथि 30 अप्रैल 2026 तय की गई थी, जो अब समाप्त हो चुकी है. जिन महिलाओं ने इस तय समय सीमा के भीतर अपनी ई-केवायसी प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें मई महीने की किस्त का लाभ नहीं मिल सकेगा.
मार्च और अप्रैल महीने की ई-केवायसी प्रक्रिया के बाद फिलहाल करीब 1 करोड़ 89 लाख महिलाएं इस योजना के लिए पूरी तरह पात्र पाई गई हैं. जिन लाभार्थियों की जानकारी सही पाई गई है, उनके खातों में मार्च और अप्रैल महीने की रुकी हुई राशि को ट्रांसफर करने के लिए सरकार ने 730.51 करोड़ रुपये का फंड भी मंजूर कर दिया है.
योजना के लिए कौन हैं पात्र?
मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना का लाभ उठाने के लिए सरकार ने कुछ कड़े नियम और पात्रता मानदंड तय किए हैं, जो इस प्रकार हैं:
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निवासी: महिला का महाराष्ट्र राज्य का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है.
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आयु सीमा: आवेदक महिला की आयु न्यूनतम 21 वर्ष और अधिकतम 65 वर्ष के बीच होनी चाहिए.
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पारिवारिक स्थिति: राज्य की विवाहित, विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता और निराधार महिलाएं इसके लिए पात्र हैं. परिवार की केवल एक अविवाहित महिला को भी इसका लाभ मिल सकता है.
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आय सीमा: लाभार्थी महिला के परिवार की कुल वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए.
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बैंक खाता: महिला के पास स्वयं का सक्रिय बैंक खाता होना चाहिए, जो आधार कार्ड से लिंक हो.
इन कारणों से भी रुक सकती है किस्त
अगर किसी महिला का नाम पात्रता सूची से कटा है, तो उसके पीछे ई-केवायसी न होने के अलावा अन्य तकनीकी कारण भी हो सकते हैं. आवेदन फॉर्म में गलत जानकारी दर्ज करना, आधार कार्ड और बैंक खाते के विवरण में विसंगति होना या फिर सरकारी जांच के दौरान अपात्र पाए जाने पर भी किस्त को स्थायी रूप से रोका जा रहा है.