महाराष्ट्र में हिंदीभाषियों पर हमले के खिलाफ आगरा में भड़का गुस्सा, उद्धव और राज ठाकरे के पुतले फूंके
Protesters Burn Effigies of Uddhav and Raj Thackeray

आगरा: महाराष्ट्र में हिंदी भाषी नागरिकों पर लगातार हो रहे हमलों से नाराज शिवसेना शिंदे गुट के कार्यकर्ताओं ने आगरा में जोरदार प्रदर्शन किया. रविवार को फतेहाबाद रोड स्थित बसई मंडी क्षेत्र में कार्यकर्ताओं ने राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे के पुतले जलाए और नारेबाजी कर विरोध जताया. प्रदर्शनकारियों ने राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे की तस्वीरों पर कालिख पोतकर रोष व्यक्त किया. उनका आरोप था कि महाराष्ट्र में मराठी बनाम हिंदीभाषी विवाद को लगातार हवा दी जा रही है, जिससे उत्तर भारत के लोगों के साथ भेदभाव हो रहा है. उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक राज्य का मुद्दा नहीं है, बल्कि यह राष्ट्रीय एकता के खिलाफ एक गंभीर हमला है.

प्रदर्शन में शामिल कार्यकर्ताओं ने कहा कि महाराष्ट्र में रह रहे यूपी-बिहार और अन्य हिंदी पट्टी राज्यों के नागरिकों को निशाना बनाया जा रहा है. उन्हें रोजगार से वंचित किया जा रहा है और जानबूझकर हिंसा की घटनाओं में फंसाया जा रहा है.

शिवसेना शिंदे गुट का प्रदर्शन

राज ठाकरे की राजनीति नफरत फैलाने की

शिवसेना शिंदे गुट के कार्यकर्ताओं ने दावा किया कि राज ठाकरे की राजनीति हिंदीभाषियों को डराने और क्षेत्रीय नफरत फैलाने पर आधारित है. उनका कहना है कि ठाकरे परिवार सिर्फ वोट बैंक के लिए भाषाई ज़हर घोल रहा है, जिसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

मांगें और चेतावनी

प्रदर्शनकारियों ने साफ तौर पर चेतावनी दी कि अगर हिंदीभाषियों पर हो रहे हमले नहीं रुके, तो पूरे उत्तर भारत में आंदोलन तेज़ किया जाएगा.