जी20: नई दिल्ली घोषणा पर सहमति का एलान
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit: Image File)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस सफलता के पीछे काम कर रहे मंत्रियों और अधिकारियों को धन्यवाद दिया.भारत के प्रधानमंत्री ने शिखर सम्मेलन में गंभीर चेहरे के साथ एक ऐसी घोषणा की जिसकी इतनी जल्दी उम्मीद नहीं की जा रही थी. उन्होंने कहा, "फ्रेंड्स अभी अभी खुशखबरी मिली है कि हमारी टीम्स के हार्डवर्क और आप सभी के सहयोग से नई दिल्ली जी-20 लीडर्स डिक्लेरेशन पर सहमति बनी है.

मेरा प्रस्ताव है कि इस लीडर्स डिक्लेरेशन को भी एडॉप्ट किया जाए." कुछ क्षणों के बाद भारतीय प्रधानमंत्री ने तालियों की गड़गड़ाहट के बीच इस डिक्लेरेशन को सर्वसम्मति से स्वीकार किए जाने की घोषणा की.

उसके दस मिनट के बाद भारत के शेरपा अमिताभ कांत ने ट्वीट किया कि जी20 देशों की नई दिल्ली घोषणा का फोकस सुदृढ़, सस्टेनेबल, संतुलित और समावेशी विकास के अलावा सस्टेनेबल डेवलपमेंट गोल पर प्रगति को तेज करना, टिकाऊ भविष्य के लिए हरित विकास समझौता, 21वीं सदी के लिए मल्टीलैटरल संस्थान और मल्टीलैटरलिज्म पर फिर से बल देना शामिल है.

अमिताभ कांत ने अपने दूसरे ट्वीट में इस घोषणा को ऐतिहासिक और राह दिखाने वाला बताते हुए कहा कि सभी विकास संबंधी और भूराजनैतिक मुद्दों पर सौ फीसदी सहमति रही है. उन्होंने लिखा कि घोषणा के भूराजनैतिक हिस्से आज की दुनिया में धरती, लोगों, शांति और समृद्धि के लिए ताकतपूर्ण आह्वान है.

सहमति की राह

भारत की राजधानी में दुनिया की 20 आर्थिक शक्तियों की शिखर भेंट शुरू होने के कुछ ही घंटों बाद शीर्ष नेताओं की साझा घोषणा पर सहमति हो गई. यूक्रेन पर रूसी हमले के बाद पश्चिमी देशों और रूस के बीच बिगड़े संबंधों के कारण सहमति को मुश्किल बताया जा रहा था.

साझा घोषणा की विस्तृत जानकारी अभी तक सार्वजनिक नहीं की गई है. लेकिन साझा घोषणा में शब्दों के चुनाव को लेकर बढ़ते मतभेदों के कारण पिछले सालों में जी-20 देशों के बीच सहमति लगातार मुश्किल होती रही. यूक्रेन युद्ध ने मतभेदों को और बढ़ा दिया है.

शनिवार को अफ्रीकी यूनियन को भी जी-20 में शामिल कर लिया गया. अब तक इसके 19 देश और यूरोपीय संघ सदस्य थे. अब तक जी-20 में पश्चिमी देशों का दबदबा था, जो अफ्रीकी यूनियन के शामिल होने के बाद संतुलित हो जाएगा. जर्मनी की ओर से चांसलर ओलाफ शॉल्त्स और वित्त मंत्री क्रिश्टियान लिंडनर शिखर सम्मेलन में भाग ले रहे हैं.