अचानक बाढ़ का खतरा: गया, देहरादून, प्रयागराज समेत 7 क्षेत्र आज अलर्ट पर
बुधवार, 19 अगस्त 2026 को, गया और देहरादून में अचानक बाढ़ का गंभीर खतरा मंडरा रहा है। इन शहरों में नदी प्रवाह सामान्य से क्रमशः 8.1 गुना और 2.9 गुना अधिक रहने का अनुमान है, साथ ही क्रमशः 14 मिमी और 11 मिमी बारिश की संभावना है.
Flash Flood Alert: बुधवार, 19 अगस्त 2026 को, गया और देहरादून में अचानक बाढ़ का गंभीर खतरा मंडरा रहा है। इन शहरों में नदी प्रवाह सामान्य से क्रमशः 8.1 गुना और 2.9 गुना अधिक रहने का अनुमान है, साथ ही क्रमशः 14 मिमी और 11 मिमी बारिश की संभावना है. अन्य प्रमुख शहरों जैसे प्रयागराज, वाराणसी, रांची, लखनऊ और रायपुर में भी 'निगरानी' (WATCH) स्तर पर अलर्ट जारी किया गया है, जहाँ नदी प्रवाह सामान्य से 1.4 से 2.1 गुना तक अधिक रहने की आशंका है।
| बाढ़ अलर्ट पर शहर और क्षेत्र — बुधवार, 19 अगस्त 2026 | ||
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गया
अलर्ट — नदी प्रवाह सामान्य से 8.1 गुना — 14 मिमी बारिश की संभावना |
देहरादून
अलर्ट — नदी प्रवाह सामान्य से 2.9 गुना — 11 मिमी बारिश की संभावना |
प्रयागराज
निगरानी — नदी प्रवाह सामान्य से 2.0 गुना — 40 मिमी बारिश की संभावना — 7 मिमी/घंटा तक तेज बौछारें |
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वाराणसी
निगरानी — नदी प्रवाह सामान्य से 1.8 गुना — 36 मिमी बारिश की संभावना — 18 मिमी/घंटा तक तेज बौछारें |
रांची
निगरानी — नदी प्रवाह सामान्य से 2.1 गुना — 7 मिमी बारिश की संभावना |
लखनऊ
निगरानी — नदी प्रवाह सामान्य से 1.9 गुना — 5 मिमी बारिश की संभावना |
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रायपुर
निगरानी — नदी प्रवाह सामान्य से 1.4 गुना — 33 मिमी बारिश की संभावना — 13 मिमी/घंटा तक तेज बौछारें |
प्रयागराज में 40 मिमी और वाराणसी में 36 मिमी बारिश का अनुमान है, जिसमें क्रमशः 7 मिमी/घंटा और 18 मिमी/घंटा तक तेज बौछारें पड़ सकती हैं, जिससे जलजमाव का खतरा बढ़ सकता है। रायपुर में भी 33 मिमी बारिश के साथ 13 मिमी/घंटा की तेज बौछारें अपेक्षित हैं। इन क्षेत्रों के निवासियों को विशेष सतर्क रहने की सलाह दी जाती है, खासकर निचले इलाकों से बचने और यात्रा योजनाओं में देरी की संभावना को ध्यान में रखने की।
यह बाढ़ जोखिम अलर्ट नदी प्रवाह और वर्षा के पूर्वानुमान मॉडल पर आधारित है। मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है, इसलिए नवीनतम अपडेट के लिए स्थानीय मौसम प्राधिकरणों पर नज़र रखना महत्वपूर्ण है।
अस्वीकरण: इस रिपोर्ट के लिए बुनियादी डेटा और शोध संकलित करने में एआई टूल्स की सहायता ली गई। अंतिम सामग्री की समीक्षा, संपादन और सत्यापन लेटेस्टली के मानव संपादकों द्वारा किया गया है।