Dirty Toilet On National Highway: नेशनल हाईवे पर गंदा टॉयलेट दिखा? राजमार्गयात्रा ऐप से करें रिपोर्ट और पाएं ₹1,000 का FASTag रिवॉर्ड
यह चैलेंज केवल उन टॉयलेट कॉम्प्लेक्स पर लागू होता है जिनका निर्माण. संचालन या रखरखाव NHAI के अधिकार क्षेत्र में आता है. पेट्रोल पंपों. ढाबों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर बने शौचालय इसमें शामिल नहीं हैं. NHAI प्राप्त रिपोर्टों की पुष्टि के लिए AI-असिस्टेड स्क्रीनिंग और मैनुअल जांच दोनों का उपयोग करता है.
Dirty Toilet On National Highway? भारतीय राष्ट्रीय राजमार्गों पर लंबी यात्रा के दौरान साफ-सुथरा टॉयलेट ढूंढना अक्सर एक चुनौती बन जाता है. यद्यपि भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने कई स्थानों पर शौचालय सुविधाएं बनाई हैं. लेकिन सफाई और रखरखाव कई जगह चिंता का विषय बने रहते हैं.
इस समस्या से निपटने के लिए NHAI ने 'क्लीन टॉयलेट पिक्चर चैलेंज' शुरू किया है. इसके तहत आम यात्रियों को गंदे शौचालयों की रिपोर्ट करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है. सही रिपोर्ट करने वाले पात्र प्रतिभागियों को इनाम के रूप में ₹1,000 का FASTag रिचार्ज दिया जा रहा है.
NHAI क्लीन टॉयलेट चैलेंज: हाईवे के गंदे टॉयलेट की रिपोर्ट करें और 1,000 रुपये का FASTag इनाम पाएं:
NHAI क्लीन टॉयलेट चैलेंज 30 जून 2027 तक बढ़ा
सितंबर 2025 में शुरू की गई इस पहल को अब 30 जून 2027 तक के लिए बढ़ा दिया गया है. NHAI के अनुसार. राजमार्ग उपयोगकर्ताओं की ओर से इस अभियान को बहुत सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है.
साल 2026 में अब तक लगभग 429 यात्री गंदे टॉयलेट की शिकायत दर्ज करा चुके हैं और उनमें से प्रत्येक को ₹1,000 का FASTag रिचार्ज मिल चुका है.
गंदे टॉयलेट की रिपोर्ट कैसे करें और पाएं ₹1,000
राष्ट्रीय राजमार्ग पर सफर करने वाले यात्री इस योजना का लाभ उठा सकते हैं. भाग लेने के लिए आपको 'राजमार्गयात्रा' ऐप के नवीनतम संस्करण के माध्यम से गंदे शौचालय की एक स्पष्ट. जियो-टैग और टाइम-स्टैम्प वाली फोटो अपलोड करनी होगी.
रिपोर्ट जमा करते समय यात्रियों को निम्नलिखित विवरण देने होंगे:
नाम
शौचालय का स्थान (लोकेशन)
वाहन पंजीकरण संख्या (गाड़ी का नंबर)
मोबाइल नंबर
गंदे शौचालय की स्पष्ट तस्वीर
जमा की गई जानकारी और फोटो की जांच के बाद NHAI यह तय करेगा कि रिपोर्ट इनाम के लिए योग्य है या नहीं.
किसे मिलेगा ₹1,000 का FASTag रिवॉर्ड?
प्रत्येक स्वीकृत रिपोर्ट के लिए पंजीकृत वाहन नंबर (VRN) से जुड़े FASTag खाते में ₹1,000 का क्रेडिट दिया जाएगा.
हालांकि. इसके लिए कुछ शर्तें भी तय की गई हैं:
पूरी योजना अवधि के दौरान एक वाहन नंबर पर केवल एक ही बार इनाम मिलेगा.
यह रिवॉर्ड गैर-हस्तांतरणीय (non-transferable) है और इसे नकद में नहीं लिया जा सकता.
यदि एक ही दिन एक ही शौचालय की रिपोर्ट multiple लोग करते हैं. तो केवल ऐप पर सबसे पहले आई सही रिपोर्ट को ही इनाम के लिए चुना जाएगा.
किन शौचालयों पर लागू होगी यह योजना?
यह चैलेंज केवल उन टॉयलेट कॉम्प्लेक्स पर लागू होता है जिनका निर्माण. संचालन या रखरखाव NHAI के अधिकार क्षेत्र में आता है. पेट्रोल पंपों. ढाबों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर बने शौचालय इसमें शामिल नहीं हैं. NHAI प्राप्त रिपोर्टों की पुष्टि के लिए AI-असिस्टेड स्क्रीनिंग और मैनुअल जांच दोनों का उपयोग करता है.
सोशल मीडिया पर उठे सवाल
इस पहल की जहां एक तरफ तारीफ हो रही है. वहीं सोशल मीडिया पर कई उपयोगकर्ता NHAI से सड़कों की स्थिति को लेकर भी सवाल पूछ रहे हैं. लोगों का कहना है कि जिस तरह गंदे टॉयलेट की रिपोर्ट पर इनाम दिया जा रहा है. उसी तरह गड्ढों. टूटी सड़कों और ब्लाइंड स्पॉट्स की रिपोर्ट करने पर भी यात्रियों को रिवॉर्ड मिलना चाहिए.
बहरहाल. NHAI का यह कदम हाईवे पर स्वच्छता में सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है.