Mira Bhayandar: मीरा भायंदर में आवारा कुत्ते के साथ क्रूरता करने वाला ऑटो चालक गिरफ्तार; स्थानीय लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंपा
महाराष्ट्र के मीरा भयंदर स्थित इंद्रलोक इलाके में एक आवारा कुत्ते के साथ कथित तौर पर यौन क्रूरता करने वाले ऑटो-रिक्शा चालक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. स्थानीय निवासियों ने घटना को देखकर आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया और नवघर पुलिस के हवाले कर दिया.
मीरा भयंदर: महाराष्ट्र (Maharashtra) के ठाणे जिले (Thane District) स्थित मीरा भायंदर (Mira-Bhayandar) के इंद्रलोक इलाके में पशु क्रूरता का एक बेहद अमानवीय मामला सामने आया है. एक ऑटो-रिक्शा चालक को आवारा कुत्ते (Stray Dog) के साथ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न (Sexual Harassment) करते हुए स्थानीय निवासियों ने मौके पर ही पकड़ लिया.
स्थानीय लोगों द्वारा दी गई सूचना और वायरल वीडियो के आधार पर कार्रवाई करते हुए नवघर (Navghar) पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया है. यह भी पढ़ें: Mira Road Horror: मीरा रोड पर दर्दनाक हादसा; उबर ब्लैक ड्राइवर ने झपकी आने पर बाइक सवार को आधा किलोमीटर तक घसीटा, गिरफ्तार
स्थानीय निवासियों ने आरोपी को रंगे हाथों पकड़ा
प्राप्त जानकारी और सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो के अनुसार, यह घटना 28 जुलाई की तड़के लगभग 2:00 बजे की बताई जा रही है. इंद्रलोक क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधि देखकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, जहां उन्होंने ऑटो चालक को कुत्ते के साथ अभद्रता करते देखा.
जब नागरिकों ने आरोपी को घेरा, तो उसने खुद का बचाव करते हुए दावा किया कि वह केवल पेशाब कर रहा था. इसके बाद आरोपी ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन निवासियों ने उसे पकड़ लिया और घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी.
घटना के संबंध में FIR दर्ज की गई
नवघर पुलिस की कार्रवाई और एफआईआर
घटना की सूचना मिलने के बाद नवघर पुलिस स्टेशन की टीम मौके पर पहुंची और आरोपी को अपनी हिरासत में ले लिया. पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शियों और शिकायतकर्ताओं के बयानों के आधार पर प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है.
पुलिस प्रशासन के अनुसार, प्रभावित पशु की चिकित्सीय जांच कराई जा रही है और घटना से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है. मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही जारी है.
पशु क्रूरता के खिलाफ कड़े कानूनी प्रावधान
मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR) और आसपास के इलाकों में बेजुबान जानवरों के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएं समय-समय पर सामने आती रही हैं. ऐसे मामलों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 (Prevention of Cruelty to Animals Act) के तहत सख्त सजा का प्रावधान है.
पशु कल्याण संगठनों का कहना है कि समाज में बढ़ती सतर्कता और नागरिकों द्वारा समय पर दी गई सूचना से ऐसे अपराधों पर अंकुश लगाने में मदद मिलती है.