Assam Floods: असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर, 11.5 लाख से अधिक लोग प्रभावित, नागांव में हालात बेहद खराब
असम के नागांव जिले में बाढ़ की स्थिति अभी भी गंभीर है, क्योंकि करीब 30,000 लोग प्रभावित हुए हैं. ब्रह्मपुत्र नदी के बाढ़ के पानी ने हातिमुरा तटबंध के एक बड़े हिस्से को तोड़ दिया, जिसके बाद मध्य असम जिले के कलियाबोर इलाके में बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई.
गुवाहाटी: असम के नागांव जिले में बाढ़ की स्थिति अभी भी गंभीर है, क्योंकि करीब 30,000 लोग प्रभावित हुए हैं. ब्रह्मपुत्र नदी के बाढ़ के पानी ने हातिमुरा तटबंध के एक बड़े हिस्से को तोड़ दिया, जिसके बाद मध्य असम जिले के कलियाबोर इलाके में बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई. कलियाबोर सब-डिवीजन क्षेत्र में बाढ़ से 25 से अधिक गांव प्रभावित हुए हैं और बाढ़ के पानी ने 1099.5 हेक्टेयर फसल क्षेत्र को जलमग्न कर दिया है. बाढ़ के पानी के कारण कई लोग अपने घर छोड़ने को मजबूर हो गए हैं और अब वे सड़कों और ऊंची जगहों पर शरण ले रहे हैं.
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, बाढ़ के कारण उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है और कई बाढ़ प्रभावित लोगों को भोजन और पीने के पानी की भी समस्या का सामना करना पड़ रहा है. बाढ़ का पानी झाखलाबंधा पुलिस स्टेशन में भी घुस गया और पुलिस क्वार्टर जलमग्न हो गए.
Video में देखें नागांव में कैसे हैं हालात
#WATCH | Assam: Flood-like situation remains grim in Nagaon, affecting nearly 30,000 people pic.twitter.com/uUn6wjgVVw
— ANI (@ANI) July 3, 2024
11.50 लाख लोग प्रभावित
असम में भीषण बाढ़ का संकट जारी है और ब्रह्मपुत्र तथा उसकी सहायक नदियों समेत प्रमुख नदियों का पानी खतरे के निशान के ऊपर बहने के कारण 23 जिलों में 11.50 लाख लोग प्रभावित हैं. एक आधिकारिक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गयी है. राज्य में इस साल बाढ़, भूस्खलन और तूफान की घटनाओं में जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 48 हो गयी है.
बाढ़ से बदतर हुए हालात
बाढ़ के कारण बारपेटा, विश्वनाथ, कछार, चराईदेव, चिरांग, दारांग, धेमाजी, डिब्रूगढ़, गोलाघाट, जोरहाट, कामरूप मेट्रोपोलिटन, कार्बी आंगलोंग, करीमगंज, लखीमपुर, माजुली, मोरीगांव, नगांव, नलबाड़ी, शिवसागर, सोनितपुर, तमुलपुर, तिनसुकिया और उदालगुड़ी जिले प्रभावित हैं.
रिपोर्ट में कहा गया है कि लखीमपुर में सबसे ज्यादा 1.65 लाख से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में भी बाढ़ की स्थिति गंभीर है जहां जंगल का एक बड़ा हिस्सा जलमग्न हो गया है तथा गैंडे का एक बच्चा बाढ़ के पानी में डूब गया.
2.90 लाख से अधिक लोगों ने ली शरण
प्रशासन, राज्य आपदा मोचन बल, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल, आपात सेवा और वायु सेना राज्य के विभिन्न हिस्सों में बचाव व राहत अभियान में शामिल है. विभिन्न जिला प्रशासन द्वारा लगाए गए 490 राहत शिविरों में 2.90 लाख से अधिक लोगों ने शरण ली है. रिपोर्ट में कहा गया है कि ज्यादातर प्रभावित जिलों में बाढ़ के पानी के कारण तटबंधों, सड़कों, पुलों तथा अन्य बुनियादी ढांचों को नुकसान पहुंचा है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 03, 2024 03:46 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

