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आधार डेटा में फिर लगी सेंध, Indane गैस की वेबसाइट से लीक हुई 67 लाख ग्राहकों की डिटेल

एक बार फिर से आधार डाटा लीक होने की खबरें हैं. इस बार गैस कंपनी इंडेन की अधिकारिक वेबसाइट से आधार डाटा में सेंध लगी है. दरअसल यह मामला तब प्रकाश में आया जब एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि एलपीजी (LPG) कंपनी इंडेन के पेज पर आधार से जुड़ी करीब 67 लाख ग्राहकों की जानकारियां सार्वजनिक हो गई है.

आधार डेटा में फिर लगी सेंध, Indane गैस की वेबसाइट से लीक हुई 67 लाख ग्राहकों की डिटेल
आधार डेटा फिर लीक हुआ (Photo Credits: IANS)

नई दिल्ली: एक बार फिर से आधार डाटा (Aadhaar Card) लीक होने की खबरें हैं. इस बार गैस कंपनी इंडेन (Indane) की अधिकारिक वेबसाइट से आधार डाटा में सेंध लगी है. दरअसल यह मामला तब प्रकाश में आया जब एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि एलपीजी (LPG) कंपनी इंडेन के पेज पर आधार से जुड़ी करीब 67 लाख ग्राहकों की जानकारियां सार्वजनिक हो गई है. इसमें आधार कार्ड जमा करने वाले यूजर्स का नाम, नंबर के साथ-साथ एड्रेस भी शामिल था.

जानकारी के मुताबिक इंडेन की वेबसाइट का आधार डेटा वाला पेज गूगल से इंडेक्स्ड हो गया था. इसलिए आधार की महत्वपूर्ण जानकारियां सबके लिए एक्सेसेबल हो गई. हालांकि इस चूक का खुलासा होने के बाद एलपीजी कंपनी ने वेबसाइट से आधार की जानकारियों को हटा दिया.

एक सिक्योरिटी रिसर्चर इलियट एंडरसन ने बताया कि इंडेन की वेबसाइट पर 11,000 डीलर्स का डेटा लीक हुआ था. इसमें कस्टम बिल्ट स्क्रिप्ट का इस्तेमाल किया गया था. उन्होंने कहा कि इसके हटाये जाने से पहले 58 लाख कस्टमर्स को एक्सेस किया जा सकता था. उन्होंने कहा कि उनके अनुसार 6.7 मिलियन यानि करीब 67 लाख ग्राहकों का डेटा एक्सपोज हुआ है.

उधर, Techcrunch ने अपनी रिपोर्ट में यह भी दावा किया कि उन्होंने लीक हुए आधार नंबर को भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) के वेब-बेस्ड वेरिफिकेशन के जरिए जानकारियों को परखा तो सब सही मिले.

गौरतलब हो कि भारत में आधार कार्ड का इस्तेमाल नागरिकों के पहचान-पत्र के तौर पर होता है. वर्तमान में देश में आज 90 फीसदी आबादी के पास आधार कार्ड मौजूद है. यह भारतीय नागरिकों का सबसे बड़ा बायोमीट्रिक डाटाबेस है. हाल ही में यूआईडीएआई ने कहा था कि आधार की तकनीकी संरचना इस तरह से तैयार की गई है कि इसमें उच्च स्तरीय निजता और सूचना सुरक्षा को सुनिश्चित करते हुए क्लीयर डाटा वेरीफिकेशन, ऑथिनटिकेशन और डी-डुप्लीकेशन को परखा गया है.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 19, 2019 04:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).