Chennai Shocker: मेडिकल की पढ़ाई कर रही 26 साल की छात्रा की संदिग्ध हालात में मौत, परिजनों ने पढ़ाई के दबाव को बताया वजह
चेन्नई से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहां किलपॉक मेडिकल कॉलेज (KMC) की 26 साल की पोस्टग्रेजुएट छात्रा दिव्या की उसके किराए के मकान में संदिग्ध हालात में मौत हो गई है.
Chennai Medical student Suicide: चेन्नई से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहां किलपॉक मेडिकल कॉलेज (KMC) की 26 साल की पोस्टग्रेजुएट छात्रा दिव्या की उसके किराए के मकान में संदिग्ध हालात में मौत हो गई है. पुलिस को शक है कि यह मामला आत्महत्या का हो सकता है. यह घटना मंगलवार को टीपी चाथिरम इलाके में हुई, जिसने मेडिकल जगत को हिला कर रख दिया है. दिव्या वेल्लोर की रहने वाली थीं और चेन्नई के KMC कॉलेज से मेडिसिन में पोस्टग्रेजुएट की पढ़ाई कर रही थीं. बताया जा रहा है कि वो टीपी चाथिरम इलाके में अकेले रह रही थीं. मंगलवार को जब उनके दोस्तों ने उन्हें कई बार कॉल किया लेकिन कोई जवाब नहीं मिला, तो एक दोस्त उनसे मिलने उनके घर पहुंचा.
दरवाजा अंदर से बंद था और कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल रही थी. इसके बाद पड़ोसियों की मदद से दरवाज़ा तोड़ा गया, तो अंदर दिव्या मृत पाई गईं.
छात्रा लंबे समय से पढ़ाई के तनाव में थी
फौरन पुलिस को सूचना दी गई. टीपी चाथिरम थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए किलपॉक मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल भेज दिया गया. पुलिस ने मामले में सीआरपीसी की धारा 174 के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
दिव्या के पिता ने पुलिस को बताया कि उनकी बेटी लंबे समय से पढ़ाई के तनाव में थी. उनका मानना है कि इसी मानसिक दबाव ने उनकी बेटी को यह खतरनाक कदम उठाने पर मजबूर कर दिया. "वो बहुत मेहनती थी लेकिन पढ़ाई का बोझ बहुत ज़्यादा था. हमें लगता है कि यही वजह बनी," दिव्या के पिता ने कहा.
हर एंगल से जांच कर रही पुलिस
फिलहाल पुलिस इस मामले में हर एंगल से जांच कर रही है. दिव्या का मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है और उसकी कॉल डिटेल्स, मैसेज और अन्य डिजिटल डेटा की जांच की जा रही है ताकि मौत से पहले के हालातों को समझा जा सके. अभी तक कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है.
KMC कॉलेज के उनके दोस्तों और शिक्षकों ने दिव्या को होशियार और समर्पित छात्रा बताया. सभी को इस हादसे से गहरा सदमा पहुंचा है. पुलिस ने कहा है कि वो मामले की गहराई से जांच कर रही है और पढ़ाई के तनाव समेत हर संभव कारण की तह तक जाएगी.
छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य पर सवाल
दिव्या की असामयिक मौत ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं कि क्या हमारे शिक्षा संस्थानों में छात्रों का मानसिक स्वास्थ्य गंभीरता से लिया जा रहा है?
आत्महत्या रोकथाम और मानसिक स्वास्थ्य हेल्पलाइन नंबर:
टेली मानस (स्वास्थ्य मंत्रालय) – 14416 या 1800 891 4416; निमहंस – + 91 80 26995000 /5100 /5200 /5300 /5400; पीक माइंड – 080-456 87786; वंद्रेवाला फाउंडेशन – 9999 666 555; अर्पिता आत्महत्या रोकथाम हेल्पलाइन – 080-23655557; आईकॉल – 022-25521111 और 9152987821; सीओओजे मेंटल हेल्थ फाउंडेशन (सीओओजे) – 0832-2252525।
आसरा (मुंबई) 022-27546669, स्नेहा (चेन्नई) 044-24640050, सुमैत्री (दिल्ली) 011-23389090, कूज (गोवा) 0832- 2252525, जीवन (जमशेदपुर) 065-76453841, प्रतीक्षा (कोच्चि) 048-42448830, मैत्री (कोच्चि) 0484-2540530, रोशनी (हैदराबाद) 040-66202000, लाइफलाइन 033-64643267 (कोलकाता)
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 05, 2025 04:34 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

