Gold Rate Today, July 9, 2026: 9 जुलाई को भारत में स्थिर सोने के दाम; दिल्ली, मुंबई और चेन्नई सहित अपने शहर की नई कीमतें देखें
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: Pexels)

नई दिल्ली: वैश्विक स्तर पर जारी उथल-पुथल और अमेरिकी डॉलर की मजबूती के बीच घरेलू सर्राफा बाजार (Domestic Bullion Market) में गुरुवार, 9 जुलाई 2026 को सोने की कीमतों में स्थिरता देखी गई. अंतरराष्ट्रीय बाजार (International Market) में सोने के भाव एक सीमित दायरे (नैरो रेंज) में कारोबार कर रहे हैं, जिसका सीधा असर भारतीय बाजारों पर पड़ा है. एक ओर जहां अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते संघर्ष के कारण सुरक्षित निवेश (सेफ हेवन) के रूप में सोने की मांग बढ़ी है, वहीं दूसरी ओर मजबूत होते डॉलर ने इसकी तेज बढ़त पर अंकुश लगा रखा है. 'गुडरिटर्न्स' के ताजा आंकड़ों के अनुसार, देश के अधिकांश बड़े शहरों में 24 कैरेट शुद्ध सोने का भाव 1,43,130 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट आभूषण वाले सोने का भाव 1,31,200 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर बना हुआ है. यह भी पढ़ें: Gold Rate Today, July 8, 2026: दिल्ली, मुंबई, चेन्नई समेत अन्य बड़े शहरों में आज 22K और 24K सोने के क्या हैं दाम? जानें ताजा रेट

प्रमुख भारतीय शहरों में आज का गोल्ड रेट (प्रति 10 ग्राम)

गुरुवार को देश के अलग-अलग महानगरों और शहरों में स्थानीय करों और चुंगी के कारण कीमतों में मामूली अंतर देखा गया. विभिन्न शहरों के दाम इस प्रकार हैं:

शहर 22 कैरेट (INR) 24 कैरेट (INR)
दिल्ली 1,31,340 1,43,270
मुंबई 1,31,200 1,43,130
चेन्नई 1,32,940 1,45,030
कोलकाता 1,31,200 1,43,130
बेंगलुरु 1,31,190 1,43,120
हैदराबाद 1,31,200 1,43,130
अहमदाबाद 1,31,290 1,43,220
जयपुर 1,31,340 1,43,270
लखनऊ 1,31,340 1,43,270
भोपाल 1,31,290 1,43,220
श्रीनगर 1,31,340 1,43,270
नोएडा / गाजियाबाद / गुरुग्राम 1,31,340 1,43,270

सोने की कीमतों में स्थिरता की मुख्य वजहें

बाजार विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले कुछ समय तक सोने की कीमतें इसी तरह एक निश्चित दायरे (रेंज बाउंड) में बनी रह सकती हैं. अंतरराष्ट्रीय कमोडिटी मार्केट में लगातार हो रहे बदलावों के बीच केंद्रीय बैंकों की मौद्रिक नीतियां और आगामी आर्थिक आंकड़े सोने की अगली दिशा तय करेंगे.

मौजूदा समय में दो प्रमुख कारक बाजार को प्रभावित कर रहे हैं:

  1. भू-राजनीतिक तनाव: अमेरिका और ईरान के बीच हाल ही में बढ़े तनाव के बाद निवेशकों का रुझान एक बार फिर सुरक्षित संपत्ति (गोल्ड) की तरफ बढ़ा है, जो इसकी कीमतों को नीचे गिरने से बचा रहा है.
  2. ब्याज दरें और डॉलर: वैश्विक स्तर पर महंगाई की चिंता और केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों को उच्च स्तर पर बनाए रखने के संकेतों ने सोने की वैश्विक कीमतों (स्पॉट गोल्ड) पर एक दबाव भी बना रखा है.

ग्राहकों और निवेशकों के लिए घरेलू बाजार का माहौल

ऐतिहासिक औसत की तुलना में सोने की कीमतें काफी ऊंचे स्तर पर होने के बावजूद, भारतीय बाजारों में शादियों और पारंपरिक आभूषणों की मांग सामान्य रूप से बनी हुई है. लंबी अवधि के निवेशक अभी भी मुद्रास्फीति (महंगाई) और वैश्विक अनिश्चितता के खिलाफ एक मजबूत हेज (सुरक्षा कवच) के रूप में सोने की खरीदारी को तरजीह दे रहे हैं.

रिटेल ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी आभूषण या सोने के सिक्के खरीदने से पहले अपने स्थानीय जौहरी (ज्वैलर्स) से लाइव मार्केट रेट की पुष्टि अवश्य कर लें. किसी भी शहर के अंतिम बिल में मेकिंग चार्जेस (घड़ाई शुल्क), स्थानीय ज्वैलर प्रीमियम और 3 प्रतिशत वस्तु एवं सेवा कर (GST) जुड़ने के कारण अंतिम कीमत तालिका में दिए गए भावों से भिन्न हो सकती है.