धार्मिक यात्राओं में अस्त्र-शस्त्र का प्रदर्शन नहीं होना चाहिए: मुख्यमंत्री योगी की अधिकारियों को हिदायत
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को जिलों में तैनात वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की जिम्मेदारी और जवाबदेही तय करते हुए निर्देश दिया कि कांवड़ यात्रा मार्ग में जगह-जगह स्वास्थ्य चौकियां बनायी जाएं और किसी भी धार्मिक यात्रा या जुलूस में अस्त्र-शस्त्र का प्रदर्शन नहीं होना चाहिए.
लखनऊ, 19 जुलाई : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने सोमवार को जिलों में तैनात वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की जिम्मेदारी और जवाबदेही तय करते हुए निर्देश दिया कि कांवड़ यात्रा मार्ग में जगह-जगह स्वास्थ्य चौकियां बनायी जाएं और किसी भी धार्मिक यात्रा या जुलूस में अस्त्र-शस्त्र का प्रदर्शन नहीं होना चाहिए. राज्य सरकार के एक प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को वीडियो कांफ्रेंस के जरिये मंडल, परिक्षेत्र, क्षेत्र और जिलों में तैनात वरिष्ठ प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों के साथ कांवड़ यात्रा के सुगम व शांतिपूर्ण आयोजन, स्वतंत्रता सप्ताह के सफल आयोजन के संबंध में दिशा-निर्देश दिए.
उन्होंने कहा कि श्रावण मास के प्रथम सोमवार के विशेष अवसर पर आज प्रदेश के सभी जिलों में आस्था और उत्साह के साथ श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया, यह हमारी अच्छी तैयारी का ही परिणाम है कि सभी जगह स्थिति शांतिपूर्ण रही. योगी ने कहा कि लगभग दो साल के अंतराल के बाद इस बार कांवड़ यात्रा आयोजित हो रही है, ऐसे में श्रद्धालुओं का उत्साहित होना स्वाभाविक ही है, इसलिए हमें और सावधान-सतर्क रहना होगा. कांवड़ संघों के पंजीकरण पर जोर देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘कांवड़ यात्रा मार्ग पर जगह-जगह हेल्थ पोस्ट स्थापित किए जाएं. हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर भी उपयोगी हो सकते हैं. यहां प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा रहे. गर्मी तेज है, ऐसे में मार्ग में पीने के पानी की व्यवस्था भी हो.’’ यह भी पढ़ें : राष्ट्रपति चुनाव : पश्चिम बंगाल में क्रॉस वोटिंग को लेकर दावों का दौर शुरू
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांवड़ यात्रा की दृष्टि से गाजियाबाद-हरिद्वार मार्ग पर सर्वाधिक व्यस्त रहता है और यहां दूसरे राज्यों के श्रद्धालु भी आते हैं, इसलिए सीमावर्ती राज्यों से भी संवाद बनाए रखें. इसके साथ-साथ अन्य यात्रा मार्गों पर श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए ट्रैफिक रूट डायवर्जन भी किया जाना चहिए. उन्होंने किसी भी तरह की अप्रिय सूचना मिलने पर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षकों को खुद मौके पर जाने के निर्देश दिये. योगी ने कहा, ‘‘सड़क आम-आदमी के आवागमन के लिए है. यातायात बाधित कर सड़कों पर किसी प्रकार के धार्मिक क्रियाकलाप की अनुमति नहीं है. इस संबंध में स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए जा चुके हैं, जीरो टॉलरेंस के साथ इसका कड़ाई से अनुपालन कराया जाए.’’
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 19, 2022 01:37 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

