देश की खबरें | लोकसभा चुनाव के लिए सीटों का बंटवारा कोई बड़ा मुद्दा नहीं : आम आदमी पार्टी

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लखनऊ, 10 सितंबर विपक्ष के गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) की घटक आम आदमी पार्टी (आप) का कहना है कि आगामी लोकसभा चुनाव के लिए सीटों का बंटवारा कोई बड़ा मुद्दा नहीं है और अक्टूबर में गठबंधन की समिति इस बारे में निर्णय करेगी।

‘आप’ के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने रविवार को यहां आयोजित संवाददाता सम्मेलन में ‘इंडिया’ गठबंधन में सीटों के बंटवारे को लेकर कोई फार्मूला तय किए जाने के बारे में पूछे गए एक सवाल पर कहा, "फिलहाल इस मुद्दे पर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है। सीटों का बंटवारा कोई बड़ा मुद्दा भी नहीं है। ‘इंडिया’ गठबंधन का मकसद सिर्फ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को सत्ता से हटाना है।’’

‘इंडिया’ गठबंधन की प्रचार समिति के सदस्य सिंह ने कहा कि सीटों के बंटवारे को लेकर इस सिलसिले में गठित गठबंधन की समिति अगले महीने तय करेगी। आम आदमी पार्टी का नेतृत्व अक्टूबर में ही इस समिति को अपना प्रस्ताव भेजेगा।

इस सवाल पर कि उत्तर प्रदेश में ‘आप’ लोकसभा की कितनी सीटें मिलने की अपेक्षा कर रही है, सिंह ने कहा कि वह अभी इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहते।

गौरतलब है कि दिल्ली और पंजाब में सत्तारूढ़ ‘आप’ विपक्ष के ‘इंडिया’ गठबंधन का हिस्सा है।

उत्तर प्रदेश की घोसी विधानसभा सीट के हाल ही में हुए उपचुनाव में भाजपा की हार का जिक्र करते हुए सिंह ने कहा कि यह तो भाजपा के पतन की बस शुरुआत है। जनता ने भाजपा को हराने का मन बना लिया है। ‘इंडिया’ गठबंधन बढ़त बना चुका है, अब यह साबित हो गया है।

उन्होंने दावा किया कि ‘इंडिया’ गठबंधन की बढ़ती ताकत से केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार घबरायी है, इसीलिए वह देश का नाम बदलने की बात कर रही है। देश का संविधान कहता है कि 'इंडिया इज भारत’ लेकिन सरकार संविधान को बदलने पर आमादा है।

सिंह ने सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर का जिक्र करते हुए कहा, "ओम प्रकाश राजभर का मैं सम्मान करता था। उन्होंने पिछड़ों के लिए भाजपा पर प्रहार किया था लेकिन वह सत्ता के लिए भाजपा की अगुवाई वाले राजग (राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन) में शामिल हो गये। राजभर को अपने फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए। भाजपा में पिछड़ों, दलितों, कमजोरों का कोई स्थान नहीं है।"

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