देश की खबरें | धूल नियंत्रण मानदंडों का उल्लंघन करने वाली परियोजनाओं को पूर्णता प्रमाणपत्र नहीं : सीएक्यूएम
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में वायु गुणवत्ता नियंत्रण से जुड़े केंद्रीय आयोग ने मंगलवार को संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिया कि वे धूल प्रदूषण नियंत्रण मानदंडों का उल्लंघन करने वाली परियोजनाओं के लिए ‘‘पूर्णता और कब्जा’’ प्रमाणपत्र जारी नहीं करें।
नयी दिल्ली, 20 फरवरी दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में वायु गुणवत्ता नियंत्रण से जुड़े केंद्रीय आयोग ने मंगलवार को संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिया कि वे धूल प्रदूषण नियंत्रण मानदंडों का उल्लंघन करने वाली परियोजनाओं के लिए ‘‘पूर्णता और कब्जा’’ प्रमाणपत्र जारी नहीं करें।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने एक बयान में कहा कि निर्माण और विध्वंस स्थलों के निरीक्षण से संकेत मिलता है कि परियोजनाओं के कार्यान्वयन में धूल नियंत्रण निर्देशों और दिशानिर्देशों के अनुपालन के स्तर में सुधार की महत्वपूर्ण आवश्यकता है।
बयान में कहा गया है कि कुछ मामलों में, परियोजना का कार्यान्वयन करने वाले लोगों ने निर्देशों की पूरी तरह से अवहेलना की है और सीएक्यूएम के आदेश के बिना तथा धूल पर काबू के लिए उचित निवारक उपाय किए बिना अपने निर्माण स्थलों पर काम जारी रखा है।
इसमें कहा गया है, "सीएक्यूएम पूर्णता प्रमाणपत्र (सीसी) जारी करने के लिए जिम्मेदार एनसीआर की सभी एजेंसियों को निर्देश देता है कि वे किसी भी परियोजना को ऐसे प्रमाण पत्र नहीं जारी करें, जिसके खिलाफ ‘समापन’ निर्देश लंबित है।"
आयोग ने कहा कि एजेंसियों को प्रमाण पत्र जारी करने के लिए आवेदनों पर विचार करने से पहले सीएक्यूएम की वेबसाइट पर उपलब्ध उन संस्थाओं की सूची देखने के लिए कहा गया है जिन्हें अभी तक काम फिर शुरू करने के आदेश नहीं मिले हैं।
दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में नगर निकायों, शहरी स्थानीय निकायों और सभी संबंधित विभागों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि भवन योजना मंजूरी, निविदा नोटिस, अनुबंध दस्तावेज और समझौते आदि में धूल प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए नियम, निर्देश, दिशानिर्देश और सुरक्षा उपाय शामिल हों।
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