जरुरी जानकारी | मैक्स एस्टेट्स को अस्वीकार्य आईटीसी के दावे पर जीएसटी विभाग से नोटिस मिला
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. रियल एस्टेट कंपनी मैक्स एस्टेट्स लिमिटेड को इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) से संबंधित लगभग 2.25 करोड़ रुपये की वसूली के लिए जीएसटी विभाग से कारण बताओ नोटिस मिला है।
नयी दिल्ली, पांच अप्रैल रियल एस्टेट कंपनी मैक्स एस्टेट्स लिमिटेड को इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) से संबंधित लगभग 2.25 करोड़ रुपये की वसूली के लिए जीएसटी विभाग से कारण बताओ नोटिस मिला है।
मैक्स एस्टेट्स ने शेयर बाजार को दी एक सूचना में कहा कि कंपनी को प्रधान आयुक्त, केंद्रीय माल और सेवा कर, ऑडिट कमिश्नरेट, नोएडा के कार्यालय से आईटीसी दावे पर कारण बताओ नोटिस मिला है।
कंपनी के मुताबिक, यह नोटिस कंपनी द्वारा एनसीएलटी विवाद के तहत व्यवसायों के अधिग्रहण और कंपनियों में निवेश के लिए किए गए कानूनी खर्चों से संबंधित अस्वीकार्य आईटीसी दावों से संबंधित है।
जीएसटी विभाग ने वित्त वर्ष 2018-19 से 2022-23 के बीच रियल एस्टेट कंपनी द्वारा प्राप्त आईटीसी की पात्रता के संबंध में आपत्ति जताई है, जो 2.25 करोड़ रुपये है।
कंपनी ने कहा, ‘‘जीएसटी विभाग ने लागू ब्याज और जुर्माने को मिलाकर कुल 2,25,36,791 रुपये की राशि वसूलने का प्रस्ताव दिया है।’’
मैक्स एस्टेट्स ने कहा कि इस नोटिस का उसकी वित्तीय, परिचालन या अन्य गतिविधियों पर कोई भौतिक प्रभाव नहीं पड़ा है।
इसके साथ ही कंपनी ने विश्वास जताया कि उसके पास मजबूत कानूनी और तथ्यात्मक आधार हैं और वह भविष्य में किसी भी कार्यवाही की स्थिति में इस कारण बताओ नोटिस को चुनौती देने के लिए पूरी तरह तैयार है।
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