देश की खबरें | मध्यप्रदेश विधानसभा : होशंगाबाद जिले का नाम बदलकर नर्मदापुरम किये जाने का अशासकीय संकल्प आमसहमति से पारित
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भोपाल, पांच मार्च मध्यप्रदेश विधानसभा में शुक्रवार को प्रदेश के होशंगाबाद जिले का नाम बदलकर नर्मदापुरम किये जाने का अशासकीय संकल्प आम सहमति से पारित हो गया।
इस अशासकीय संकल्प को पेश करते हुए होशंगाबाद सीट से विधायक सीतासरन शर्मा ने कहा, ‘‘मैं यह संकल्प प्रस्तुत करता हूं कि सदन का यह मत है कि होशंगाबाद जिले में निवासरत जनता की धार्मिक आस्था को ध्यान में रखते हुए होशंगाबाद जिले का नाम बदलकर नर्मदापुरम किया जाए।’’
इसके बाद अध्यक्ष गिरीश गौतम ने कहा कि संकल्प प्रस्तुत हुआ।
शर्मा ने कहा कि नर्मदा क्षेत्र के प्रमुख तीर्थों में होशंगाबाद नगर है। करीब 50 साल से वहां की जनता होशंगाबाद का नाम बदलकर नर्मदापुरम करने की मांग कर रही है। उन्होंने कहा कि नर्मदापुरम संभाग तो हो गया, लेकिन होशंगाबाद नगर नर्मदापुरम नहीं हो पाया।
शर्मा ने कहा कि यह पीड़ादायक है कि इतिहास हुशंगशाह गौरी से शुरू करने की परंपरा पुरानी सरकारों ने चालू की थी। वास्तव में 14वीं शताब्दी में हुशंगशाह गौरी आया था और उसका मकबरा भी होशंगाबाद में नहीं बल्कि मांडू में है। वह तो यहां से चला गया, लेकिन अपना नाम छोड़ गया।
उन्होंने कहा, ‘‘होशंगाबाद का इतिहास इस ऐतिहासिक काल में सातवीं शताब्दी से मिलता है और 199 में नर्मदापुर का उल्लेख मिलता है। यह हमारी ऐतिहासिक नगरी है जो नर्मदापुर के नाम से किसी समय में जानी जाती थी और हुशंगशाह गौरी ने इसे होशंगाबाद का नाम दिया। इसलिए मैं सदन से अनुरोध करता हूं कि वह नर्मदापुरम के लिए इस नाम को संशोधित करने की कृपा करें।’’
शर्मा द्वारा पेश इस संकल्प को भाजपा विधायकों सुदेश राय, विजयपाल सिंह, ठाकुर नागवंशी एवं प्रेमशंकर कुंजीलाल वर्मा ने समर्थन किया।
भाजपा सदस्य विजयपाल सिंह ने कहा कि हुशंगशाह गौरी एक लुटेरा था और होशंगाबाद का नाम इस लुटेरे के नाम पर है। ‘‘मेरा अनुरोध है कि होशंगाबाद का नाम नर्मदापुरम किया जाये।’’
वहीं, कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक पी सी शर्मा ने भी संकल्प का समर्थन किया, लेकिन उन्होंने कहा कि इसमें एक विसंगति जरूर है कि संभाग भी नर्मदापुरम हो गया और जिला एवं शहर भी नर्मदापुरम हो जाएगा। इसलिए इसका प्रचार होना चाहिए, ताकि लोग खुद ब खुद इसे नर्मदापुरम कहें।
अध्यक्ष ने संकल्प को सदस्यों की स्वीकृति के लिए रखा, जिस पर विपक्षी दल कांग्रेस ने भी हां कहा। इसके बाद अध्यक्ष ने कहा कि आम सहमति से संकल्प स्वीकृत हुआ।
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