देश की खबरें | गोलाबारी से प्रभावित क्षेत्रों को 'युद्ध प्रभावित' क्षेत्र घोषित करें: महबूबा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने मंगलवार को सरकार से अपील की कि वह जम्मू कश्मीर में सीमा पार गोलाबारी से प्रभावित क्षेत्रों को "युद्ध प्रभावित क्षेत्र" घोषित करे और संघर्ष में जान गंवाने वालों को शहीद का दर्जा दे।

श्रीनगर, 20 मई पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने मंगलवार को सरकार से अपील की कि वह जम्मू कश्मीर में सीमा पार गोलाबारी से प्रभावित क्षेत्रों को "युद्ध प्रभावित क्षेत्र" घोषित करे और संघर्ष में जान गंवाने वालों को शहीद का दर्जा दे।

यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने नियंत्रण रेखा (एलओसी) और अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास कई इलाकों का दौरा किया ताकि सीमा पार से हो रही गोलाबारी के मद्देनजर लोगों के जीवन पर पड़ने वाले प्रभाव की सीधे तौर पर जानकारी हासिल की जा सके।

पीडीपी अध्यक्ष ने कहा, "मैं अनुरोध करती हूं कि इन सभी क्षेत्रों को युद्ध प्रभावित क्षेत्र घोषित किया जाए, ताकि उनके पुनर्वास का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू किया जा सके।"

उन्होंने यह भी मांग की कि जिन परिवारों के घर गोलाबारी में नष्ट हो गए हैं, उन्हें अपने घरों के पुनर्निर्माण में सहायता के लिए 50-50 लाख रुपये दिए जाएं।

उन्होंने कहा, "मैं यह भी मांग करती हूं कि भारत सरकार उन सभी लोगों को शहीद का दर्जा दे, जिन्होंने इसमें अपनी जान गंवाई है। इससे उन्हें सम्मान मिलेगा, क्योंकि वे निर्दोष थे और उनके परिवारों को भी कुछ लाभ मिलेगा। मृतकों के परिजनों को नौकरी भी दी जानी चाहिए।"

महबूबा ने कहा कि गोलाबारी से पुंछ, उरी, तंगधार और कुपवाड़ा के कुछ हिस्सों में भारी तबाही हुई है।

उन्होंने कहा कि इसने परिवारों को तबाह कर दिया है, घरों और अन्य संपत्तियों को नुकसान पहुंचा है। कुछ लोगों के पास अभी भी रहने के लिए टेंट तक नहीं है और वे खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं।

पीडीपी अध्यक्ष ने दावा किया कि बैंक उन लोगों को बीमा देने से इनकार कर रहे हैं जिनकी दुकानें क्षतिग्रस्त हुई हैं।

उन्होंने कहा, "सरकार को इसमें हस्तक्षेप करना चाहिए। साथ ही जिन लोगों ने आवास ऋण लिया है और उनके घर नष्ट हो गए हैं, उनके ऋण माफ किए जाने चाहिए।"

उन्होंने कहा कि हालांकि वह यह नहीं कह सकतीं कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद क्या हासिल हुआ, लेकिन नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास रहने वाले लोगों को कष्ट उठाना पड़ा है।

उन्होंने कहा, "मुझे नहीं पता कि और क्या हासिल हुआ है, लेकिन वे आतंकवादी या जिन्हें आप आतंकवादी कहते हैं, वे अभी भी फरार हैं। उन्हें अब तक पकड़ा नहीं जा सका है।"

उन्होंने दावा किया, "विदेश मंत्री ने कहा है कि उन्होंने पाकिस्तान को पहले ही चेतावनी दे दी थी और इसलिए जब आपने उन्हें चेतावनी दी तो हो सकता है कि इससे आतंकवादियों को भागने का मौका मिल गया हो। मेरे लिए यह (उपलब्धि) शून्य है।"

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

How To Watch India vs New Zealand 1st ODI Match Live Streaming In India: कल खेला जाएगा टीम इंडिया बनाम न्यूजीलैंड के बीच पहला वनडे मुकाबला, यहां जानें कब, कहां और कैसे उठाए लाइव मुकाबले का लुफ्त

Swami Vivekananda Jayanti 2026: स्वामी विवेकानंद जयंती! युवाओं के लिए प्रेरणा और संकल्प का महापर्व, जानें उनसे जुड़ी रोचक बातें

MI-W vs DC-W 3rd Match WPL 2026 Preview: आज मुंबई इंडियंस महिला बनाम दिल्ली कैपिटल्स महिला के बीच खेला जाएगा रोमांचक मुकाबला, मैच से पहले जानिए हेड टू हेड रिकार्ड्स, मिनी बैटल, स्ट्रीमिंग समेत सभी डिटेल्स

GG-W vs UPW-W 2nd Match WPL 2026 Scorecard: गुजरात जायंट्स ने यूपी वारियर्स के सामने रखा 208 रनों का टारगेट, एशले गार्डनर और अनुष्का शर्मा ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

\