प्रयागराज, 12 जुलाई इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने गैंगस्टर के एक मामले में दोषी अफजाल अंसारी की याचिका पर बुधवार को अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया। पूर्व सांसद अंसारी ने गैंगस्टर मामले में गाजीपुर की अदालत द्वारा सुनायी गयी सजा पर रोक लगाने का अनुरोध किया है।
अफजाल अंसारी ने गाजीपुर की विशेष एमपी-एमएलए अदालत के निर्णय के खिलाफ उच्च न्यायालय में अपील दायर की है। निचली अदालत ने माफिया मुख्तार अंसारी के भाई अफजाल अंसारी को गैंगस्टर अधिनियम के तहत 2007 के एक मामले में दोषी करार दिया था और चार साल के कारावास की सजा सुनाई थी । उसके खिलाफ एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया गया था।
न्यायमूर्ति राजबीर सिंह ने संबद्ध पक्षों की दलीलें सुनने के बाद बुधवार को निर्णय सुरक्षित रख लिया।
अंसारी के अधिवक्ता ने बुधवार को दलील दी कि भाजपा विधायक कृष्णानंद राय की हत्या में अंसारी की कथित संलिप्तता के आधार पर गैंगस्टर अधिनियम लगाया गया था और उस मामले में उन्हें बरी कर दिया गया है, इसलिए अब शेष कुछ बचा नहीं है।
हालांकि इस आवेदन का राज्य सरकार की ओर से विरोध किया गया।
उल्लेखनीय है कि गाजीपुर की विशेष अदालत ने 29 अप्रैल, 2023 को दिए अपने निर्णय में 2007 के गैंगस्टर अधिनियम के एक मामले में मुख्तार अंसारी के साथ अफजाल अंसारी को दोषी करार दिया था और अफजाल को चार साल एवं मुख्तार को 10 साल के कारावास की सजा सुनाई थी।
अदालत के इस निर्णय के बाद अफजाल अंसारी की संसद की सदस्यता भी चली गई।
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