देश की खबरें | दिल्ली में 11 जुलाई से मिर्जापुर की महिला बुनकरों के जीवन को लेकर फोटो प्रदर्शनी का आयोजन होगा

नयी दिल्ली, आठ जुलाई भारत की 'कालीन (कारपेट) की राजधानी' माने जाने वाले मिर्जापुर की महिला बुनकरों के जीवन की झलक को लेकर राष्ट्रीय राजधानी में 65 तस्वीरों के एक संग्रह को पेश किया जाएगा।

दिल्ली स्थित बीकानेर हाउस में 11 जुलाई से पत्रकार-फोटोग्राफर कौन्तेय सिन्हा द्वारा शुरू किये जा रहे "भाग्येखा : कैसे धागों ने मिर्जापुर की महिलाओं की किस्मत बदल दी" शीर्षक प्रदर्शनी का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण की एक अभूतपूर्व कहानी को लोगों के सामने लाने का होगा।

भारत की सबसे पुरानी कालीन निर्माता कंपनियों में से एक, ओबीटी द्वारा आयोजित, प्रदर्शनी में उन महिलाओं की कहानियां को शामिल किया जाएगा, जिन्होंने सामाजिक मानदंडों और पितृसत्तात्मक प्रथाओं से लड़ते हुए आगे आकर हर बाधाओं के खिलाफ काम किया है।

ओबीटी के अनुसार, इनमें से किसी भी महिला ने 2017 से पहले अपने घरों से बाहर कदम नहीं रखा था और पिछले छह वर्ष में कंपनी ने कालीन बुनाई की कला को अपनाने वाली महिलाओं में 400 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है।

इन महिला बुनकरों के कुछ सबसे उल्लेखनीय कार्यों को नए संसद भवन में स्थित राज्यसभा और लोकसभा में रखा गया है।

फोटो प्रदर्शनी का समापन 13 जुलाई को होगा।

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