US Strikes Tanker Near Oman: ओमान के बंदरगाह के पास भारतीय क्रू वाले जहाज़ पर हमला, भारत ने जताई चिंता; दूतावास हालात पर रख रहा नजर
अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल जहाज़ और उसके चालक दल की स्थिति से जुड़ी विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है. भारतीय दूतावास ने आश्वासन दिया है कि वह स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर स्थिति की निगरानी कर रहा है तथा जरूरत पड़ने पर हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
US Strikes Tanker Near Oman: ओमान के तट के पास भारतीय नाविकों वाले एक मर्चेंट जहाज़ पर हमले की खबर सामने आई है. फॉरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया (FSUI) के अनुसार, गुरुवार को भारत से जुड़े जहाज़ एमटी जलवीर को निशाना बनाया गया. बताया जा रहा है कि जहाज़ पर 20 से अधिक नाविक सवार थे. घटना ऐसे समय में हुई है जब हाल के दिनों में ओमान और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ी हुई हैं. भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई जा रही है. टूट जाएगा एलन मस्क का सबसे बड़ा सपना? बार-बार क्यों फट रहा है SpaceX का स्टारशिप रॉकेट
ओमान स्थित भारतीय दूतावास ने क्या कहा?
ओमान में भारतीय दूतावास ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि उसे मामले की जानकारी है और वह स्थानीय अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है. दूतावास ने अपने बयान में कहा, "हमें आज ओमान के शिनास बंदरगाह के पास एक जहाज़ से जुड़ी घटना की जानकारी मिली है. हम स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं और आगे की जानकारी के लिए स्थानीय अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहे हैं."
हाल के दिनों में बढ़ी हैं समुद्री घटनाएं
हाल के दिनों में ओमान के तट के पास भारतीय क्रू वाले कई जहाज़ों को निशाना बनाए जाने की घटनाएं सामने आई हैं. इससे क्षेत्र में काम कर रहे भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं. भारत सरकार और भारतीय दूतावास लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं और स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर जानकारी जुटा रहे हैं.
भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर फोकस
अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल जहाज़ और उसके चालक दल की स्थिति से जुड़ी विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है. भारतीय दूतावास ने आश्वासन दिया है कि वह स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर स्थिति की निगरानी कर रहा है तथा जरूरत पड़ने पर हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी. घटना की जांच जारी है और हमले के कारणों तथा नुकसान का आकलन किया जा रहा है.