8th Pay Commission Update: केंद्रीय कर्मचारियों को वेतन वृद्धि के लिए करना पड़ सकता है 2027 तक का इंतजार, जानें ताजा अपडेट
(Photo Credits File Image)

8th Pay Commission Update:  केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है. हालांकि इस नए वेतन आयोग की सिफारिशें कागजों पर 1 जनवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएंगी, लेकिन कर्मचारियों को बढ़ी हुई सैलरी का वास्तविक लाभ मिलने में 2027 तक का समय लग सकता है. फिलहाल जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में गठित यह आयोग देश के विभिन्न हिस्सों का दौरा कर अंशधारकों (stakeholders) से सुझाव ले रहा है.

क्यों हो रही है लागू होने में देरी?

केंद्र सरकार ने जनवरी २०२५ में 8वें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी थी और ३ नवंबर २०२५ को इसकी आधिकारिक अधिसूचना जारी की गई थी. पिछले वेतन आयोगों की तरह इस आयोग को भी सरकारी कर्मचारियों के वेतन ढांचे, भत्तों, पेंशन व्यवस्था और सेवा शर्तों की समीक्षा के लिए करीब १८ महीने का समय दिया गया है.

विशेषज्ञों और मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, आयोग अपनी अंतिम रिपोर्ट २०२७ के मध्य तक सरकार को सौंप सकता है. सरकार द्वारा इस रिपोर्ट की समीक्षा और मंजूरी के बाद ही नया वेतन ढांचा लागू किया जाएगा. हालांकि, देरी होने की स्थिति में कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को १ जनवरी २०२६ से प्रभावी तिथि मानकर एरियर (Arrears) का भुगतान किया जाएगा.

कर्मचारी संगठनों की बड़ी मांगें

नेशनल काउंसिल (स्टाफ साइड) और जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (JCM) जैसी प्रमुख यूनियनों ने आयोग के सामने कई महत्वपूर्ण मांगें रखी हैं. कर्मचारी संगठनों की मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:

  • फिटमेंट फैक्टर: कर्मचारी संगठन फिटमेंट फैक्टर को ३.२५ से ३.६८ गुना तक बढ़ाने की मांग कर रहे हैं, जिससे न्यूनतम मूल वेतन (Minimum Basic Salary) में बड़ी बढ़ोतरी हो सके.

  • वार्षिक वेतन वृद्धि (Annual Increment): मौजूदा ३ प्रतिशत की वार्षिक वेतन वृद्धि को बढ़ाकर ५ से ७ प्रतिशत करने की मांग की जा रही है.

  • न्यूनतम वेतन और पेंशन: न्यूनतम मूल वेतन को बढ़ाकर लगभग ५७,००० से ६५,००० रुपये करने और न्यूनतम पेंशन को मौजूदा ९,००० रुपये से बढ़ाकर २०,५०० रुपये से अधिक करने का प्रस्ताव है.

आयोग के काम में आई तेज़ी

तमाम कयासों के बीच सरकारी स्तर पर 8वें वेतन आयोग का जमीनी काम काफी तेज़ी से आगे बढ़ रहा है. हाल ही में आयोग ने प्रशासनिक और नीतिगत विश्लेषण कार्यों के लिए अनुबंध (contract) के आधार पर सलाहकारों (consultants) की भर्ती के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं.

इसके अलावा, आयोग की टीम लगातार क्षेत्रीय दौरे कर रही है. इसी सिलसिले में १८-१९ मई २०२६ को हैदराबाद का दौरा किया गया और जून २०२६ के पहले सप्ताह में श्रीनगर और लेह-लद्दाख का दौरा प्रस्तावित है. इससे पहले MyGov पोर्टल के जरिए आम जनता और कर्मचारियों से सुझाव भी मांगे गए थे.

लगभग  1.15 करोड़ लोगों पर होगा असर

इस नए वेतन आयोग के फैसलों का सीधा असर देश के लगभग 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 65 लाख से अधिक पेंशनभोगियों पर पड़ेगा. इसमें रक्षा कर्मी और रेलवे कर्मचारी भी शामिल हैं. जब तक 8वें वेतन आयोग की सिफारिशें पूरी तरह लागू नहीं हो जातीं, तब तक कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग के तहत ही वेतन और भत्ते मिलते रहेंगे. सरकार महंगाई के अनुपात में साल में दो बार मिलने वाले महंगाई भत्ते (DA) में बढ़ोतरी जारी रखेगी.