जरुरी जानकारी | रेलवे में वाणिज्यिक संपत्तियों की ई-नीलामी की व्यवस्था शुरू

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. छोटे उद्यमियों एवं स्टार्टअप को प्रोत्साहन देने के लिए रेलवे ने अपने वाणिज्यिक आय एवं गैर-किराया राजस्व अनुबंधों को ऑनलाइन करने के साथ ही 40 लाख रुपये तक के वार्षिक अनुबंधों के लिए वित्तीय कारोबार की शर्त हटा दी है।

नयी दिल्ली, 24 जून छोटे उद्यमियों एवं स्टार्टअप को प्रोत्साहन देने के लिए रेलवे ने अपने वाणिज्यिक आय एवं गैर-किराया राजस्व अनुबंधों को ऑनलाइन करने के साथ ही 40 लाख रुपये तक के वार्षिक अनुबंधों के लिए वित्तीय कारोबार की शर्त हटा दी है।

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वाणिज्यिक आय एवं गैर-किराया राजस्व (एनएफआर) अनुबंधों के लिए शुक्रवार को ई-नीलामी व्यवस्था की शुरुआत की। इसके पहले रेलवे अपने कबाड़ की बिक्री के लिए भी ई-नीलामी व्यवस्था लागू कर चुका है।

वैष्णव ने इस नीति को प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल से आम आदमी के अनुभव में बदलाव लाने की प्रधानमंत्री की दृष्टि के अनुरूप बताते हुए कहा, "इससे निविदा जारी करने की थकाऊ प्रक्रिया अधिक सरल होगी। इसके अलावा युवाओं को भी ई-नीलामी प्रक्रिया का हिस्सा बनने का मौका मिलेगा। इससे जीवन सुगम होने, पारदर्शिता को प्रोत्साहन और रेलवे में डिजिटल इंडिया पहल को बल मिलेगा।"

नीलामी के लिए रखी जाने वाली आय संपत्तियों में पार्सल वैन, भुगतान कर इस्तेमाल किए जाने वाले शौचालय, स्टेशन परिसर एवं रेल डिब्बों पर विज्ञापन के अधिकार, वातानुकूलित प्रतीक्षालय, सामान अमानती कक्ष, पार्किंग स्थल, एटीएम और सामग्री प्रदर्शित करने वाले वीडियो स्क्रीन शामिल हैं।

इन संपत्तियों को पोर्टल पर एक बार स्थान के आधार पर दर्ज किया जाएगा और सिस्टम इसे हमेशा याद रखेगा। इससे परिसंपत्तियों की वास्तविक आधार पर निगरानी में सुधार आएगा और वे निष्क्रिय नहीं पड़ी रहेंगी।

फिलहाल रेलवे की ई-निविदा व्यवस्था में हिस्सा लेने के लिए संबंधित इकाई के पास भौतिक पंजीकरण कराना जरूरी होता है। लेकिन ई-नीलामी प्रक्रिया में देश के किसी भी हिस्से में मौजूद बोलीकर्ता पोर्टल के जरिये भारतीय रेल की किसी भी इकाई की संपत्ति के लिए बोली लगा सकता है।

एक सफल बोलीकर्ता ऑनलाइन ढंग से इसकी स्वीकृति पा सकता है। इसके साथ ही बोली लगाने वाले की वित्तीय कारोबार की शर्त को भी हटा लिया गया है। अब 40 लाख रुपये तक के ठेकों के लिए कोई भी वित्तीय टर्नओवर शर्त नहीं रखी गई है।

प्रेम

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\