जरुरी जानकारी | जून में भर्तियां 20 प्रतिशत बढ़ीं, दूसरी श्रेणी के शहरों का बड़ा योगदान : रिपोर्ट
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. व्हाइट कॉलर (कार्यालय में बैठकर काम करने वाले) नौकरियों के लिए कुल भर्तियां जून में सालाना आधार पर 20 प्रतिशत बढ़ी है। इसमें मुख्य रूप से दूसरी श्रेणी के शहरों का योगदान रहा है। बुधवार को जारी एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।
मुंबई, दो जुलाई व्हाइट कॉलर (कार्यालय में बैठकर काम करने वाले) नौकरियों के लिए कुल भर्तियां जून में सालाना आधार पर 20 प्रतिशत बढ़ी है। इसमें मुख्य रूप से दूसरी श्रेणी के शहरों का योगदान रहा है। बुधवार को जारी एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।
नौकरी मंच फाउंडइट.इन पर आधारित ऑनलाइन नौकरी संबंधी गतिविधियां पोस्ट करने वाले फाउंडइट इनसाइट्स ट्रैकर के अनुसार, भारत में दूसरी श्रेणी के शहर देश की रोजगार वृद्धि को गति देने वाले प्रमुख इंजन के रूप में उभर रहे हैं।
इसमें कहा गया है कि 26 प्रतिशत की वृद्धि के साथ कोयंबटूर में अवसरों में वृद्धि देखी गई, इसके बाद नागपुर और नासिक में 24 प्रतिशत की वृद्धि हुई। इसमें मुख्य योगदान सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), बीएफएसआई (बैंकिंग, वित्तीय सेवा और बीमा), विनिर्माण और एफएमसीजी (रोजमर्रा के घरेलू उत्पाद) जैसे क्षेत्रों का योगदान है।
फाउंडइंट के मुख्य राजस्व एवं वृद्धि अधिकारी (सीआरजीओ) प्रणय काले ने कहा, “दूसरी श्रेणी के शहरों की ओर भर्ती की गति में बदलाव, खास तौर पर आईटी और प्रवेश स्तर की भूमिकाओं में उल्लेखनीय है। नौकरी चाहने वालों के पास अब घर के करीब ही विविध अवसर हैं, जो भारत के समृद्ध और विविध प्रतिभा परिदृश्य को दर्शाता है।”
उन्होंने कहा, “नियोक्ताओं के लिए ये शहर बेहतर बुनियादी ढांचे, लक्षित निवेश और भौगोलिक रूप से विविधता के रणनीतिक इरादे से प्रेरित पर्यावरण अनुकूल वृद्धि के लिए रणनीतिक अवसर प्रदान करते हैं।”
काले ने कहा कि यह हाल के वर्षों में सबसे मजबूत वृद्धि है, जो भारत के रोजगार परिदृश्य में दूसरी श्रेणी के शहरों के बढ़ते महत्व को रेखांकित करती है।
अनुराग अजय
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