देश की खबरें | चंद्रबाबू नायडू के कुप्पम दौरे पर पुलिस प्रतिबंध जारी रहेगा

कुप्पम (आंध्र प्रदेश), छह जनवरी तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) के अध्यक्ष एवं आंध्र प्रदेश में विपक्ष के नेता एन. चंद्रबाबू नायडू ने शुक्रवार को गुडीपल्ले मंडल मुख्यालय में बस अड्डे के पास सड़क पर धरना दिया, क्योंकि पुलिस ने उन्हें स्थानीय पार्टी कार्यालय जाने से रोक दिया।

धरने के बाद नायडू अपने वाहन पर चढ़ गए और जनता को संबोधित किया। उन्होंने रोड शो पर रोक लगाने के लिए सरकारी आदेश (जीओ) जारी करने को लेकर मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी की कड़ी आलोचना की।

उन्होंने पुलिस से ‘गुलामी बंद करने’ और कानून के अनुसार काम करने को भी कहा।

नायडू ने पुलिस को चेतावनी देते हुए कहा, ‘‘यह लोकतंत्र है। कानून का सम्मान करें। अगर आप कानून को सही तरीके से लागू नहीं करेंगे, तो लोग विद्रोह कर देंगे।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मुझे पुलिस पर दया आती है। यह उनकी गलती नहीं है, बल्कि उन पर शासन करने वाले मुख्यमंत्री की (गलती) है। मैं पुलिस को केवल उनके कर्तव्यों और जिम्मेदारियों की याद दिला रहा हूं।’’

पुलिस ने गुडीपल्ले में सड़कों पर बाड़ लगा दिए और तेदेपा कार्यकर्ताओं को नायडू के दौरे के लिए गांव में प्रवेश करने से रोका गया।

तेदेपा प्रमुख के प्रचार वाहन को जब्त करने के दो दिन बाद, पुलिस चुपचाप उसे एक अज्ञात स्थान पर ले गई। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की और उनका वाहन लौटाये जाने की मांग की।

जब पुलिस ने वाहन वापस लाने से इनकार कर दिया, तो नायडू तेदेपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ यह कहते हुए सड़क पर बैठ गए कि स्थानीय विधायक के रूप में उन्हें अपने निर्वाचन क्षेत्र में जाने का पूरा अधिकार है।

उन्होंने कहा, ‘‘क्या मुझे अपने लोगों से नहीं मिलना चाहिए और उनकी शिकायतों का समाधान नहीं करना चाहिए? आप मुझे इससे कैसे रोक सकते हैं।’’

यह कहते हुए कि उनकी लड़ाई राज्य के पांच करोड़ लोगों के लिए है, नायडू ने कहा, ‘‘पांच करोड़ लोग एक तरफ हैं और मुख्यमंत्री दूसरी तरफ हैं। क्या वाईएसआरसी के नेताओं ने प्रतिबंध के बावजूद माचेरला, नंदीगामा और अन्य स्थानों पर रोड शो नहीं किया है? क्या मेरे और वाईएसआरसी नेताओं के लिए अलग-अलग नियम हैं?’’

उन्होंने राज्य को जगन मोहन रेड्डी के शासन से मुक्त कराने तक संघर्ष का संकल्प लिया।

इस बीच, रल्लाबुडुगुर पुलिस ने एक पुलिस निरीक्षक द्वारा दायर शिकायत के आधार पर महिलाओं सहित कई तेदेपा कार्यकर्ताओं पर भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया, जिसमें हत्या के प्रयास का मामला भी शामिल है।

इंस्पेक्टर जी. अशोक कुमार ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि नायडू की यात्रा के लिए चार जनवरी को लगभग 50 तेदेपा कार्यकर्ताओं ने एक गैरकानूनी सभा की। इंस्पेक्टर ने आरोप लगाया कि जब उन्हें बताया गया कि उनके रोड शो की अनुमति नहीं है, तो पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनके काम में बाधा डाली और एक कांस्टेबल को लाठियों से पीटा, जिससे खून बहने लगा।

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