देश की खबरें | भारत 2047 तक पांच लाख विदेशी छात्रों के नामांकन का लक्ष्य बना रहा है : नीति आयोग के सीईओ

नयी दिल्ली, 29 नवंबर नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) बी वी आर सुब्रमण्यम ने बुधवार को कहा कि भारत 2047 तक पांच लाख विदेशी छात्रों के नामांकन का लक्ष्य बना रहा है।

सुब्रमण्यम ने 18वें फिक्की (भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ) उच्च शिक्षा सम्मेलन को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की। उन्होंने यह भी कहा कि प्रौद्योगिकी उच्च शिक्षा क्षेत्र को ‘बर्बाद’ कर देगी और विश्वविद्यालयों को प्रासंगिक तथा प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए बड़े पैमाने पर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) को अपनाना होगा।

उन्होंने कहा, ‘‘नीति आयोग 2047 के लिए दृष्टि पत्र तैयार कर रहा है और इसमें शिक्षा की अलग भूमिका है। इसमें एक महत्वपूर्ण बिंदु यह है कि 2047 तक भारत में पांच लाख विदेशी छात्रों को लक्षित करना है। हमें अपनी गुणवत्ता, ब्रांड वैल्यू में सुधार करके और विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त अपनी रैंकिंग में सुधार करके शिक्षा का वैश्विक प्रदाता बनना चाहिए।’’

नीति आयोग के सीईओ ने इस बात पर जोर दिया कि भारत में और अधिक शिक्षा केंद्रित शहर बनाने की जरूरत है। उन्होंने निजी क्षेत्र से उच्च शिक्षा पारिस्थितिकी तंत्र का और विस्तार करने तथा घरेलू छात्रों को देश में पढ़ने के लिए प्रोत्साहित करने के साथ-साथ यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि अधिक अंतरराष्ट्रीय छात्र भारत की ओर आकर्षित हों।

उन्होंने कहा, ‘‘हमें उच्च शिक्षा क्षेत्र में और अधिक नवोन्मेषी होने की जरूरत है। हमें शैक्षिक प्रणाली में सुधार पर ध्यान केंद्रित करने की जरूरत है ताकि छात्र उद्योग के लिए तैयार हों।’’

नयी प्रौद्योगिकी के महत्व को रेखांकित करते हुए सुब्रमण्यम ने कहा, ‘‘प्रौद्योगिकी (भारत में) उच्च शिक्षा क्षेत्र को नष्ट करने जा रही है। विश्वविद्यालयों को प्रासंगिक और प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए एआई को बड़े पैमाने पर अपनाना होगा।’’

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