जरुरी जानकारी | सरकार ने ऋण गारंटी योजना का दायरा बढ़ाया

नयी दिल्ली, 30 मार्च वित्त मंत्रालय ने बुधवार को पांच लाख करोड़ रुपये की आपात ऋण सुविधा गारंटी योजना (ईसीएलजीएस) का दायरा बढ़ा दिया। इसके तहत यात्रा, पर्यटन और होटल-रेस्तरां से जुड़े छोटे उद्यमों को योजना में शामिल किया गया है।

वित्त मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि ईसीएलजीएस 3.0 के तहत यात्रा, पर्यटन और होटल-रेस्तरां से जुड़े एमएसएमई (सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों) को शामिल कर लाभ का दायरा बढ़ाया गया है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2022-23 के बजट में योजना की अवधि एक साल के लिये मार्च, 2023 तक बढ़ाने की घोषणा की थी। साथ ही योजना के तहत मंजूर राशि 4.5 लाख करोड़ रुपये से बढ़ाकर पांच लाख करेाड़ रुपये कर दी थी।

ताजा संशोधन के अनुसार, ईसीएलजीएस 3.0 के अंतर्गत शामिल क्षेत्रों के नये कर्जदार जिन्होंने 31 मार्च, 2021 से 31 जनवरी, 2022 के बीच कर्ज लिया था, अब आपात ऋण सुविधा का लाभ लेने के लिये पात्र होंगे।

साथ ही पात्र कर्जदारों के लिये कर्ज सीमा कोष आधारित बकाया कर्ज का 40 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया गया है।

बयान के अनुसार, बढ़ी हुई सीमा अधिकतम 200 करोड़ रुपये प्रति कर्जदार पर निर्भर करेगी।

मंत्रालय ने कहा कि नये संशोधनों का मकसद इन संपर्क-गहन क्षेत्रों को बिना किसी गारंटी के नकदी के जरिये समर्थन देकर कारोबार को बढ़ावा देना है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)