देश की खबरें | देखभाल की कमी, पृथकवास केंद्र की स्वच्छता की आशंका के चलते कोविड-19 मरीज घर में ही पृथक रहने को दे रहे प्राथमिकता
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. व्यक्तिगत देखभाल, साफ सफाई और संक्रमण का स्तर बढ़ने के खतरे के मद्देनजर बिना लक्षण वाले कई कोरोना वायरस संक्रमित पृथकवास केंद्र के बजाय गृह पृथकवास को प्राथमिकता दे रहे हैं।
नयी दिल्ली, 20 जून व्यक्तिगत देखभाल, साफ सफाई और संक्रमण का स्तर बढ़ने के खतरे के मद्देनजर बिना लक्षण वाले कई कोरोना वायरस संक्रमित पृथकवास केंद्र के बजाय गृह पृथकवास को प्राथमिकता दे रहे हैं।
घर में ही पृथकवास में रहकर कोविड-19 को मात देने वाले अधिकतर मरीजों का कहना है कि बीमारी से मानसिक रूप से परेशान होने का खतरा है और ऐसे समय में परिवार का समर्थन अहम है।
यह भी पढ़े | कोविड-19 के तेलंगाना में 546 नए मरीज पाए गए, 5 की मौत: 20 जून 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.
उल्लेखनीय है कि उपराज्यपाल अनिल बैजल ने शुक्रवार को गृह पृथकवास में रह रहे कोविड-19 मरीजों के लिए पांच दिनों के लिए संस्थागत पृथकवास को अनिवार्य बनाया था। उनके इस कदम पर दिल्ली सरकार ने कहा था कि इससे शहर के स्वास्थ्य अवसंरचना पर उल्लेखनीय दबाव पड़ेगा।
दिल्ली की आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने कहा कि फैसला ‘‘मनमानापूर्ण’’ है और इससे राष्ट्रीय राजधानी को गंभीर नुकसान होगा।
आप सरकार का जोर बिना लक्षण वाले लोगों को घर पर ही रखने की है। उल्लेखनीय है कि शुक्रवार तक 10,090 कोरोना वायरस से संक्रमित मरीज गृह पृथकवास में थे।
लक्षमी नगर में रहने वाले मीडिया पेशेवर जो कोरोना वायरस से संक्रमण से मुक्त हो चुके हैं ने कहा कि गृह पृथकवास बिना लक्षण वाले मरीजों के लिए सुरक्षित विकल्प है।
उन्होंने कहा, ‘‘ मैंने बुखार होने के तुरंत बाद पत्नी और बच्चों को उसके भाई के यहां रहने के लिए भेज दिया जो उसी इमारत में रहते थे जब जांच कराई तो कोरोना पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई। मैं घर में डिस्पोजल बर्तन में खाता था और सफाई का पूरा ध्यान रखता था।
उन्होंने बताया कि परिवार नियमित समय पर खाना पहुंचाता था और मेरी पसंद का खाना बनता था।
मीडिया पेशेवर ने बताया कि उन्हें पृथकवास केंद्र में रहने के दौरान स्थिति और खराब होने का भय था।
उन्होंने ‘पीटीआई-’’ से बताया, ‘‘मेरे कई जानने वालों को केवल एक दिन बुखार आया और जांच में कोरोना पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई। वे गृह पृथकवास में रहे और ठीक हो गए। पृथकवास केंद्र में आप अलग शौचालय का इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं और जिस तरह से आपके परिवार के सदस्य देखभाल करते हैं, वैसी देखभाल वहां संभव नहीं है।’’
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)