सनातन धर्म में हर पूर्णिमा का महत्व होता है, लेकिन आश्विन मास की पूर्णिमा जिसे शरद पूर्णिमा कहते हैं, को हिंदू पंचांग में सबसे शुभ पूर्णिमा बताया गया है, जो आर्थिक, धार्मिक और आयुर्वेदिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण होता है. यह पूर्णिमा मानसून की समाप्ति और शरद ऋतु के आगमन का भी प्रतीक है, जो कृषि की दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण होता है. कुछ स्थानों पर शरद पूर्णिमा को रास पूर्णिमा और कोजागिरी पूर्णिमा भी कहा जाता है.
...