पारसी नव वर्ष की उत्पत्ति फारस से हुई थी, जहां इसे फारसी कैलेंडर में नए साल की शुरुआत के तौर पर मनाया जाता था. ऐसी मान्यता है कि 7वीं शताब्दी में जब पारसी समुदाय के कुछ लोग भारत आए तो यहां भी उन्होंने अपनी परंपराओं और रीति-रिवाजों का पालन जारी रखा. इस अवसर पर आप इन हिंदी मैसेजेस, वॉट्सऐप विशेज, कोट्स और जीआईएफ ग्रीटिंग्स के जरिए दोस्तों-रिश्तेदारों से हैप्पी पारसी न्यू ईयर कह सकते हैं.
...