पुलवामा हमले की पहली बरसी: राहुल गांधी ने पूछा सवाल, कहा- हमले से किसे हुआ फायदा, जांच का क्या आया नतीजा?
पुलवामा आतंकी हमले (Pulwama Attack) की आज पहली बरसी है. 14 फरवरी के दिन आतंकियों ने घात लगाकर CRPF के जवानों पर हमला किया था. इस हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे. बलिदान के इस दिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह ने श्रद्धांजलि दी. वहीं कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए इस आतंकी हमले पर सवाल उठाया है. राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने ट्वीट कर कहा कि, पुलवामा हमले में शहीद हुए 40 CRPF के जवानों को आज जब याद कर रहे हैं,
Pulwama terror attack first anniversary:- पुलवामा आतंकी हमले (Pulwama Attack) की आज पहली बरसी है. 14 फरवरी के दिन आतंकियों ने घात लगाकर CRPF के जवानों पर हमला किया था. इस हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे. बलिदान के इस दिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह ने श्रद्धांजलि दी. वहीं कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए इस आतंकी हमले पर सवाल उठाया है. राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने ट्वीट कर कहा कि, पुलवामा हमले में शहीद हुए 40 CRPF के जवानों को आज जब याद कर रहे हैं, तब भी सवाल पूछना चाहिए कि पुलवामा आतंकी हमले से किसे सबसे ज्यादा फायदा हुआ? पुलवामा आतंकी हमले को लेकर हुई जांच से क्या निकला?, सिक्योरिटी फेलियर के लिए मोदी सरकार में किसकी जवाबदेही तय हुई?
ऐसा नहीं है कि राहुल गांधी ने पहली बार पुलावामा हमला को लेकर मोदी सरकार हमला किया हो. हमले के बाद भी राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा था कि पुलवामा में 40 जवानों की शहादत की खबर के तीन घंटे बाद भी ‘प्राइम टाइम मिनिस्टर’ फिल्म शूटिंग करते रहे. देश के दिल और शहीदों के घरों में दर्द का दरिया उमड़ा था और वे हंसते हुए दरिया में फोटोशूट पर थे. यह भी पढ़ें:- पुलवामा हमले की पहली बरसी: पीएम मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, राजनाथ सिंह और गौतम गंभीर ने दी श्रद्धांजलि, कही ये बात.
Today as we remember our 40 CRPF martyrs in the #PulwamaAttack , let us ask:
1. Who benefitted the most from the attack?
2. What is the outcome of the inquiry into the attack?
3. Who in the BJP Govt has yet been held accountable for the security lapses that allowed the attack? pic.twitter.com/KZLbdOkLK5
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) February 14, 2020
जानें पूरा मामला
केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के के इस बस पर हमला किया गया जो बस 78 वाहनों के काफिले का हिस्सा थी, जिसमें 2547 सीआरपीएफ जवान शामिल थे. काफिला उस दिन पुलवामा श्रीनगर-जम्मू राजमार्ग से 14 फरवरी के दिन गुजर रही थी. उसी समय एक आत्मघाती हमलावर ने 200 किलो विस्फोटक लदे एक वाहन को सीआरपीएफ की एक बस से टकरा दिया. इस आत्मघाती हमले में अर्धसैनिक बल के 40 जवान शहीद हो गए थे. जम्मू-कश्मीर के अब तक के इस सबसे भयावह आतंकवादी हमले की जिम्मेदारी जैश-ए-मोहम्मद (JEM) ने लिया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 14, 2020 10:57 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

